अवधपुरी प्रभु आवत जानी, भई सकल सोभा कै खानी... लंका विजय के बाद श्रीराम के अयोध्या लौटने के दौरान रामनगरी के परिदृश्य को दर्शातीं रामचरित मानस की यह पंक्तियां इस समय अयोध्या में साकार हो रही हैं। जिस प्रकार 14 साल के वनवास के बाद जब प्रभु श्रीराम अयोध्या लौटे तो उनके स्वागत में अयोध्या इस तरह सजी-धजी थी कि शोभा की खान लग रही थी। कुछ इसी अंदाज में रामलला जब भव्य मंदिर में विराजने वाले हैं तो पूरी अयोध्या सज-धजकर तैयार हो रही है।
Ayodhya: 32 हजार करोड़ की योजनाओं से भव्य रूप ले रही अयोध्या, तस्वीरों में देखें कैसे दिव्य हो रही राम की नगरी
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दिसंबर से उड़ान भरने लगेंगे हवाई जहाज
अयोध्या में करीब 1250 करोड़ की लागत से बन रहे श्रीराम हवाई अड्डे का निर्माण करीब 80 फीसदी पूरा हो चुका है। रनवे लगभग तैयार है। दिसंबर से यहां हवाई जहाज उड़ान भरने लगेंगे। साथ ही रामनगरी का पर्यटन भी उड़ान भरेगा।
मंदिर का अहसास कराएगा रेलवे स्टेशन
श्रद्धालुओं को अयोध्या रेलवे स्टेशन पर उतरते ही राममंदिर का अहसास होगा। यह स्टेशन खास तौर पर राममंदिर मॉडल के अनुरूप तैयार हो रहा है। 90 फीसदी काम पूरा हो चुका है। अप्रैल 2023 तक यह भक्तों के लिए खोल दिया जाएगा और यात्रियों को आधुनिक सुविधाएं मिलेंगी।
मंदिर लोकार्पण से पहले बन जाएगी पार्किंग
रामनगरी में पांच स्थानों पर मल्टीलेवल पार्किंग बन रही है। टेढ़ीबाजार व कौशलेश कुंज के पास बन रही तीन पार्किंग लगभग तैयार हैं। मंदिर खुलने से पहले यह पार्किंग भक्तों के लिए उपलब्ध हो जाएगी। कौशलेश कुंज में 4.41 करोड़ से पार्किंग का निर्माण हो रहा है, इसमें 38 दुकानें भी हैं। वहीं जलकल अमानीगंज में 1.3 करोड़ से पार्किंग बन रही है।
विकसित हो रहे राममंदिर के तीनों रास्ते
राममंदिर जाने वाले तीन प्रमुख रास्तों रामजन्मभूमि पथ, भक्तिपथ व रामपथ को तेजी से विकसित किया जा रहा है। इनमें से करीब 100 फीट चौड़ा श्रीरामजन्मभूमि पथ भक्तों के लिए खोल दिया गया है। जबकि 1228 करोड़ से रामपथ अयोध्या से सहादतगंज के पहले फेज का काम दीपोत्सव से पहले पूरा हो जाएगा। साथ ही जन्मभूमि पथ शृंगारहाट से रामजन्मभूमि तक भी दिसंबर तक भक्तों के लिए खुल जाएगा।