कोरोना वायरस वैश्विक महामारी को रोकने में विश्व के पूरे देश परेशान हैं। इस वायरस के बढ़ते संक्रमण को रोकने के लिए दुनिया भर में कई तरह के नियम बनाए जा रहे हैं। ऐसे में कई देश पूरी तरह से लॉकडाउन, यात्रा पर प्रतिबंध, परिवहन सेवा पर रोक के साथ अपनी सीमाओं को पूरी तरह से सील कर रहे हैं। आज हम आपको कई देशों के बारे में बताएंगे, जिन्होंने इस वायरस को फैलने से रोकने के लिए इस तरह के उपाय किए हैं।
कोरोना वायरस: कई देशों ने संक्रमण को रोकने के लिए यात्राओं पर लगाया प्रतिबंध
ऑस्ट्रेलिया
ऑस्ट्रेलिया में देश के नागरिकों, स्थायी निवासियों, एयरलाइन चालक दल और राजनयिकों को छोड़कर किसी को भी देश में प्रवेश करने और घुमने की अनुमति नहीं है। हालांकि यह प्रतिबंध फिजी, किरिबाती, मार्शल द्वीप, माइक्रोनेशिया, नाउरू, न्यूजीलैंड, नीयू, पलाऊ, पापुआ न्यू गिनी, समोआ (अमेरिकी), सोलाव द्वीप, टोंगा, तुवालु और वानुअतु के नागरिकों पर भी लागू नहीं है।
एयरलाइन और समुद्री चालक दल और संबद्ध सुरक्षाकर्मियों के साथ आधिकारिक सरकारी व्यवसाय पर यात्रा करने वाले लोगों को छोड़कर ऑस्ट्रेलिया के नागरिकों को भी देश से बाहर जाने की अनुमति नहीं है।
अर्जेंटीना
अर्जेंटीना में सबसे पहले 15 मार्च को घोषणा किया गया कि कम से कम दो सप्ताह के लिए सभी गैर-निवासियों के लिए देश की सीमा बंद रहेगी और संयुक्त राज्य अमेरिका और यूरोप से सभी उड़ानें भी बंद रहेंगी। बाद में इस बंद को 12 अप्रैल तक बढ़ा दिया गया था।
बांग्लादेश
13 अप्रैल को बांग्लादेश में कोरोनो वायरस के प्रसार को रोकने के लिए देशव्यापी सामान्य अवकाश 25 अप्रैल तक बढ़ा दिया गया था। इससे पहले, भूटान, मालदीव और श्रीलंका से उड़ानों को 7 अप्रैल तक निलंबित कर दिया गया था और बहरीन, भारत, कुवैत, मलेशिया, ओमान, कतर, सऊदी अरब, सिंगापुर, थाईलैंड, तुर्की और संयुक्त अरब अमीरात से उड़ानें 14 अप्रैल तक निलंबित कर दी गई थीं।
कनाडा
20 अप्रैल को, संयुक्त राज्य अमेरिका, मेक्सिको और कनाडा ने घोषणा किया कि वे अतिरिक्त सीमाओं पर गैर-आवश्यक यात्रा पर प्रतिबंध को अतिरिक्त 30 दिनों के लिए बढ़ा रहे हैं।