World Book and Copyright Day 2023: किताबें इंसान की सबसे बेहतर साथी बन सकती हैं। किताबें किसी भी उम्र के शख्स के विकास में सहायक हो सकती हैं। किताब केवल ज्ञान का स्त्रोत नहीं, बल्कि दिमाग को सक्रिय रखने, इमेजिनेशन बढ़ाने, ब्रेन सेल्स को मजबूत करने और संवाद को बेहतर बनाने के लिए शब्दावली को मजबूत करने के लिए भी अच्छा माध्यम है। हालांकि मौजूदा समय में कंप्यूटर और इंटरनेट के प्रति लोगों की बढ़ती दिलचस्पी ने उन्हें किताबों से दूर कर दिया है। किताबों से बढ़ती दूरी को कम करने के उद्देश्य से यूनेस्को ने प्रतिवर्ष 23 अप्रैल को विश्व पुस्तक दिवस मनाने का फैसला लिया। इसकी शुरुआत 23 अप्रैल 1995 से हुई। विश्व पुस्तक दिवस के मौके पर अपने बच्चों में किताब पढ़ने के रूचि को जगाने का प्रयास करें। अगर बच्चा किताब पढ़ने से दूर भागता है, तो कुछ तरीकों को अपनाकर उसकी दिलचस्पी को बढ़ा सकते हैं
World Book and Copyright Day 2023: किताब से दूर भागता है बच्चा तो अपनाएं ये तरीके, बढ़ेगी पढ़ने में रुचि
कोर्स के अलावा दूसरी किताबें
बच्चे को सिर्फ उसकी पढ़ाई से जुड़ी किताबें पढ़ने का दबाव न बनाएं। बच्चे की रुचि को समझते हुए उसके मुताबिक किताबें पढ़ने के लिए दें। कोर्स की किताबे बच्चे अक्सर मजबूरी में पढ़ते हैं, भले ही उनका मन न हो। लेकिन अन्य किताबों को वह रूचि के साथ पढ़ते हैं। शौक या रुचि के साथ पुस्तक पढ़ने की आदत उन्हें दूसरी किताबों को पढ़ने के लिए प्रोत्साहित करेगी।
खुद पढ़ें पुस्तक
बच्चे अक्सर चीजें देख कर सीखते हैं। घर पर जो माता पिता या परिवार के सदस्य करते हैं, बच्चे उसे दोहराते हैं। ऐसे में बच्चे का रोल मॉडल बनें। उनके सामने आप भी किताब पढ़ें, ऐसे में वह आपकी देखादेखी पुस्तक पढ़ने लगेंगे। वहीं जब बच्चा कोई किताब पढ़ रहा है तो उसका साथ देने के लिए किताब पढ़ें ताकि वह बोरियत महसूस न करे।
पढ़ने की जगह बनाएं
कई बार माहौल बच्चे को पढ़ने लिखने के लिए प्रोत्साहित करता है तो उसका ध्यान भी भटकता है। ऐसे में पढ़ने के लिए एक सकारात्मक माहौल होना चाहिए। बच्चे के पढ़ने के लिए एक जगह बनाएं। कुर्सी टेबल और उस पर कुछ किताबें रखें, जिस पर बैठकर बच्चा आराम से पढ़ सके।
सही किताबों का चयन
बच्चों की रूचि के विषय पर किताब खरीदने के साथ ही अन्य बातों का ध्यान रखें। जैसे, किताब में अधिक तस्वीरें हों, बड़े या उभरे अक्षर हों या देखने व पढ़ने में किताब आकर्षक लगे। ऐसे में बच्चा मन से किताब पढ़ने में रूचि लेगा।