Tips to Protect Pulses: भारत के लगभग हर घर में दालों का इस्तेमाल होता है। लोग रोजाना ही दाल का सेवन करते हैं। ऐसे में दाल कई वैरायटी में भी आती है। तोर या अरहर दाल से लेकर चना दाल, उड़द दाल, मूंग दाल, मसूर की दाल समेत कई तरह की दाल भारतीय रसोइयों में मिल जाएगी। दाल खाने में स्वादिष्ट और रोज सेवन योग्य होने के साथ ही प्रोटीन युक्त अनाज भी है, जो कई तरह की बीमारियों के लिए अच्छी मानी जाती है। रोजाना इस्तेमाल होने के कारण लोग कई तरह की दाल अपनी रसोई में स्टोर करके रखते हैं लेकिन अक्सर लंबे समय तक दाल रखने से उसमें कीड़े लग जाते हैं। कई बार दाल में कंकड़ और गंदगी आदि ज्यादा होती है, जिसे साफ करके ही दाल को पकाया जा सकता है। कंकड़ और कीड़ों के कारण दाल धीरे धीरे पूरी तरह से खराब हो जाती है। ऐसे में आपको पता होना चाहिए कि दाल से कीड़े और कंकड़ आसानी से कैसे साफ किए जाएं, ताकि वह लंबे समय तक स्टोर की जा सके।
आज की रसोई: दाल में कीड़े लग गए हों तो इन तरीकों से निकालें, आसानी से हो जाएगी साफ
अनाज से कीड़े साफ करने के तरीके
साबुत हल्दी
दाल में लगे कीड़े साफ करने के लिए साबुत हल्दी का इस्तेमाल कर सकते हैं। हल्दी की गंध बहुत तेज होती है, जिसके कारण दाल में कीड़े भाग जाते हैं। चार से पांच हल्दी की गांठ दाल में मौजूद काले और सफेद झिल्ली वाले कीड़ों को बाहर निकालता है।
सरसों का तेल
सरसों का तेल दाल से कीड़े साफ करने के साथ सीलन से भी बचाता है। अगर कम दाल स्टोर करनी हो तो सरसों का तेल इस्तेमाल कर सकते हैं। इसके लिए दो किलो दाल में एक चम्मच सरसों का तेल मिलाकर दाल को धूप में सुखा लें।
लहसुन
अनाज को कीड़ों से बचाने के लिए लहसुन का इस्तेमाल कर सकते हैं। लहसुन की गंध बहुत तेज होती है, जो कीड़ों को भगा देती है। अनाज में साबुत लहसुन को रखकर सूखने दें। सूखे लहसुन की कलियां कीड़ों को अनाज से बाहर निकाल देंगी।
दाल के कंकड़ साफ करने के तरीके
अक्सर दाल बनाने से पहले उसके कंकड़ साफ करने होते हैं। केवल दाल को धोने से ये कंकड़ नहीं निकलते क्योंकि दाल के कंकड़ भारी होते हैं और पानी के साथ दाल में ही बैठ जाते हैं। इसलिए दाल के कंकड़ साफ करने के तरीकों के बारे में भी जान लें।
-थाली में दाल को फैलाकर उसमें से चुन-चुन कर कंकड़ या गंदगी निकाल सकते हैं।
-दाल को जमीन या बड़ी ट्रे में फैलाकर भी आसानी से कंकड़ निकाले जा सकते हैं।
-दाल में मिट्टी होती है, तो दाल को दो-तीन बार धोना पड़ता है। इससे दाल की पॉलिश भी निकल जाती है। धुला हुआ पानी जब तक रंग बदलकर मटमैला होता रहे, तब तक दाल धो सकते हैं।