श्रमिक स्पेशल ट्रेन से बुधवार को आए प्रवासी श्रमिकों ने सोशल डिस्टेंसिंग का ख्याल भी नहीं रखा। घर जल्दी पहुंचने की होड़ में यात्री एक-दूसरे के आसपास निर्धारित दूरी रखने की बात भी भूल गए। यह तब है जबकि शासन-प्रशासन लगातार कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए लोगों को जागरूक कर रहा है।
Lockdown 4.0: घर पहुंचने की जल्दी में दौड़ पड़े हजारों प्रवासी, सोशल डिस्टेंसिंग भी भूले, देखें तस्वीरें
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श्रमिकों को पुलिसवालों ने कई बार समझाकर उन्हें कतारबद्ध कराया लेकिन बावजूद इसके कुछ-कुछ अंतराल पर सोशल डिस्टेंसिंग का उल्लंघन होता रहा। गोरखपुर प्लेटफॉर्म के बाहर बस में सवार होने के लिए यात्री सामान लेकर दौड़ पड़े।
फिर क्या था, धक्कामुक्की शुरू हो गई। पुलिस वालों ने जबरन उन्हें कतार में लगवाया। इसी तरह बस के इंतजार में भी सोशल डिस्टेसिंग का पालन नहीं हो पा रहा है।
विभिन्न प्रांतों में फंसे श्रमिकों को लेकर 12 श्रमिक ट्रेनें बुधवार को पहुंची। इन ट्रेनों से 12264 प्रवासी श्रमिक और उनके परिजन गोरखपुर पहुंचे। थर्मल स्क्रीनिंग के बाद सभी को रोडवेज की बसों से सुरक्षित घर पहुंचा दिया गया।
अभी तक 122 स्पेशल ट्रेनों से एक लाख 35420 श्रमिक आ चुके हैं। रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर एक, दो और नौ पर श्रमिक ट्रेनें लाई जा रही हैं। इन प्लेटफार्मों से ही यात्रियों को बाहर निकालने की व्यवस्था की गई है। जिला प्रशासन की ओर से यात्रियों को लंच पैकेट और पानी की बोतलें दी गईं।
बिहार जाने वाली ट्रेनों को प्लेटफॉर्म चार और पांच से गुजारा जा रहा है। इस ट्रेन के यात्रियों को स्टेशन पर उतरने की अनुमति नहीं है। सुबह ही एक ट्रेन से कुछ यात्री उतर गए थे जिन्हें बाद में जीआरपी ने घेर कर ट्रेन में चढ़वाया। शाम सवा सात बजे आई एक ट्रेन से भी काफी संख्या में यात्री उतर कर चले गए।