बारिश किसानों पर आफत बनकर बरस रही है। शुक्रवार सुबह झमाझम बारिश के बाद पूरे दिन बादल छाए रहे और रुक-रुककर बारिश होती रही। इसकी वजह से शहर के विभिन्न इलाकों में पानी भी भर गया और लोगों को परेशानी झेलनी पड़ी। वहीं बारिश और ओलों की वजह से अधिकतम तापमान में नौ डिग्री की गिरावट भी दर्ज की गई। वहीं शनिवार सुबह से ही चटक धूप निकल गई। जिससे सड़कों पर रौनक दिखने लगी और छतों पर कपड़ों के ढेर दिखने लगे।
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गोरखपुर में किसानों पर आई आफत की बारिश, तस्वीरों में देखें शहर का पूरा हाल
Sat, 14 Mar 2020 12:43 PM IST
vivek shukla
डिजिटल न्यूज डेस्क, गोरखपुर
डिजिटल न्यूज डेस्क, गोरखपुर
Published by: vivek shukla
Updated Sat, 14 Mar 2020 12:43 PM IST
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झमाझम बारिश और ओले पड़ने के कारण फसल खराब।
- फोटो : अमर उजाला
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बारिश में सड़कों पर कुछ इस तरह दिखे लोग।
- फोटो : अमर उजाला
शुक्रवार सुबह करीब चार बजे से ही मौसम का मिजाज बदल गया। गरज के साथ झमाझम बारिश शुरू हो गई। शनिवार सुबह सात बजे तक रुक रुककर बारिश होती रही। मौसम विशेषज्ञ कैलाश पांडे ने बताया कि अफगानिस्तान के ऊपर सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ काफी तेज गति से राजस्थान तक पहुंचा है। इसके अलावा बृहस्पतिवार को तापमान में बढ़ोतरी की वजह से राजस्थान के ऊपर एक चक्रवाती हवा काफी तीव्र गति से सक्रिय हो गई और एक टर्फ लाइन राजस्थान होते हुए मध्यप्रदेश, उत्तरप्रदेश, बिहार, झारखंड, उड़ीसा होते हुए बंगाल की खाड़ी तक जा रही है। इसकी वजह से बारिश के साथ ओले भी पड़ रहे हैं।
बारिश में सड़कों पर कुछ इस तरह दिखे लोग।
- फोटो : अमर उजाला
फसलों पर ‘ वज्रपात’, किसानों के चेहरे उतरे
यह बारिश फसलों पर ‘वज्रपात’ की तरह गिरी है। मार्च की शुरुआत में हुई बारिश के बाद खरीफ फसल के उबरने की आस लगाए किसानों की उम्मीदों पर शुक्रवार की बारिश ने पानी फेर दिया। कृषि विज्ञान केंद्र बेलीपार के वैज्ञानिक एसके तोमर का कहना है कि शुक्रवार को बारिश के दौरान काफी ओले भी पड़े हैं। इससे नुकसान और बढ़ गया है। उन्होंने बताया कि इस समय की बारिश हर फसल के लिए नुकसानदायक है।
यह बारिश फसलों पर ‘वज्रपात’ की तरह गिरी है। मार्च की शुरुआत में हुई बारिश के बाद खरीफ फसल के उबरने की आस लगाए किसानों की उम्मीदों पर शुक्रवार की बारिश ने पानी फेर दिया। कृषि विज्ञान केंद्र बेलीपार के वैज्ञानिक एसके तोमर का कहना है कि शुक्रवार को बारिश के दौरान काफी ओले भी पड़े हैं। इससे नुकसान और बढ़ गया है। उन्होंने बताया कि इस समय की बारिश हर फसल के लिए नुकसानदायक है।
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बारिश में सड़कों पर कुछ इस तरह दिखे लोग।
- फोटो : अमर उजाला
बारिश और हवा की वजह से जो फसलें गिर गई हैं उनको काफी नुकसान हो रहा है। इसके अलावा गेहूं और सरसों की फसल खेत में खड़ी है उसको भी नुकसान पहुंच रहा है। आम के पेड़ में आए बौर भी बारिश की वजह से गिर जा रहे हैं। तोमर ने बताया कि मौसम साफ होने के बाद किसान गेहूं में ‘प्रोपाकोनाजोन’ का छिड़काव पानी में मिलाकर करें। इससे गेहूं के दाने काले नहीं पड़ेंगे। जो फसल गिर गई है उस पर भी किसान छिड़काव करें, इसका फायदा जरूर मिलेगा।
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gorakhpur weather
- फोटो : अमर उजाला
न्यूनतम तापमान भी तीन डिग्री लुढ़का
शुक्रवार सुबह झमाझम बारिश के बाद पूरे दिन बादल छाए रहने से तापमान भी काफी लुढ़क गया। बृहस्पतिवार के मुकाबले शुक्रवार के अधिकतम तापमान में करीब नौ डिग्री की गिरावट आई। बृहस्पतिवार को अधिकतम तापमान 30.8 डिग्री था, वह लुढ़ककर 21.8 डिग्री हो गया। वहीं न्यूनतम तापमान में करीब तीन डिग्री की गिरावट दर्ज की गई।
शुक्रवार सुबह झमाझम बारिश के बाद पूरे दिन बादल छाए रहने से तापमान भी काफी लुढ़क गया। बृहस्पतिवार के मुकाबले शुक्रवार के अधिकतम तापमान में करीब नौ डिग्री की गिरावट आई। बृहस्पतिवार को अधिकतम तापमान 30.8 डिग्री था, वह लुढ़ककर 21.8 डिग्री हो गया। वहीं न्यूनतम तापमान में करीब तीन डिग्री की गिरावट दर्ज की गई।