गोरखपुर पिपराइच चीनी मिल परिसर में सल्फरलेस प्लांट के लोकार्पण के लिए आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की खूब प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी के नेतृत्व में देश मजबूती से आगे बढ़ रहा है। कोरोना कालखंड में पीएम मोदी की अगुवाई में देश सुरक्षित रहा। गरीबों तक खाद्यान्न पहुंचा, प्रवासियों को सुरक्षित घर तक पहुंचाया गया। समाज के अंतिम पायदान के व्यक्ति की सुधि ली गई। इसी का नतीजा रहा विपक्ष का मंगलवार को आयोजित भारत बंद फ्लाप हो गया।
सीएम योगी ने पीएम मोदी की जमकर की तारीफ, बोले- 'मजबूती से आगे बढ़ रहा देश'
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मुख्यमंत्री ने कहा कि आजादी के 60-65 सालों तक देश में उतना काम नहीं हुआ, जितना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के छह वर्ष के कार्यकाल में हुआ। पीएम फसल बीमा, सिंचाई, ड्राप मोर क्रॉप, मृदा परीक्षण, गन्ना से एथनॉल बनाने, डेढ़ गुना न्यूनतम समर्थन मूल्य व प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि जैसी योजनाएं इसकी प्रमाण हैं। देश का हर तबका पीएम मोदी के साथ है।
कांग्रेस की कार्यशैली पर सवाल करते हुए सीएम ने कहा कि कांग्रेस के शासन में केंद्र से चला 100 रुपया किसान तक पहुंचते-पहुंचते 10 रुपया हो जाता था। 90 रुपये दलाल खा जाते थे, मगर मोदी सरकार ने तकनीक की ऐसी व्यवस्था कर रखी है कि एक क्लिक में पूरा पैसा किसान के खाते में पहुंच जाता है। दलाली पर रोक लगने से परेशान लोग ही अब साजिशन सरकार को बदनाम करने के कुचक्र रचते हैं।
यह सपा का लैपटॉप नहीं जो देकर वापस ले लिया जाएगा
इस दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सपा व कांग्रेस पर खूब तंज कसे। उन्होंने कहा कि पीएम किसान सम्मान निधि योजना पर सपा के लोग यह कहकर दुष्प्रचार करते थे कि चुनावी शिगूफा है, चुनाव बाद बंद कर देंगे। मगर उन्हें नहीं पता कि यह सपा का लैपटॉप नहीं है जो देकर वापस ले लिया जाएगा। सीएम ने कहा कि पीएम किसान सम्मान निधि का शुभारंभ पीएम मोदी ने गोरखपुर के फर्टीलाइजर कारखाने के मैदान से किया था। इस वर्ष यूपी के 2.20 करोड़ किसानों को 4443 करोड़ रुपये की किस्त मिली है।
कोरोना के साथ इंसेफेलाइटिस को भी नियंत्रित किया
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि पहले पूर्वी उत्तर प्रदेश में प्रति वर्ष 600 से 1500 बच्चे इंसेफेलाइटिस की वजह से दम तोड़ देते थे। प्रदेश की भाजपा सरकार ने कोरोना के साथ ही इंसेफेलाइटिस को भी नियंत्रित किया। इस वर्ष इंसेफेलाइटिस से मृतकों की संख्या 21 से 25 के बीच है। जो बीआरडी मेडिकल कॉलेज बंद होने जा रहा था, उसे मजबूत किया गया है। गोरखपुर में एम्स खुल गया। सरकार देवरिया, कुशीनगर, बस्ती, सिद्धार्थनगर में मेडिकल कॉलेज खोल रही है।