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Manish murder case: अदालत ढाबा में मनीष के साथ आठ अन्य लोगों ने किया था भोजन, सीबीआई की जांच में सामने आई ये बात
Mon, 15 Nov 2021 11:10 AM IST
vivek shukla
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Mon, 15 Nov 2021 11:10 AM IST
सार
सीबीआई ने वारदात के दिन होटल कृष्णा पैलेस में मौजूद रहे धनंजय त्रिपाठी, शंभूनाथ, अनिल यादव और प्रिंस तिवारी से रविवार को गहन पूछताछ की। इनके अलावा मनीष के दोस्त चंदन सैनी और राणा प्रताप चंद से दोबारा पूछताछ की।
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मनीष हत्याकांड की जांच करती सीबीआई टीम।
- फोटो : अमर उजाला।
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कानपुर के कारोबारी मनीष गुप्ता हत्याकांड में सीबीआई टीम तेजी से साक्ष्य जुटाने में लगी है। रविवार को पूछताछ में पता चला है कि 27 सितंबर की सुबह मनीष गुप्ता, हरवीर और प्रदीप की मुलाकात गोरखपुर के छह लोगों से हुई थी। शाम को अदालत ढाबा में नौ लोगों मनीष, हरवीर और प्रदीप के अलावा चंदन सैनी, राणा प्रताप चंद, धनंजय त्रिपाठी, शंभूनाथ, अनिल यादव और प्रिंस तिवारी ने भोजन किया था। चंदन समेत पांच लोग एक साथ कार से आए थे, जबकि धनंजय का भतीजा प्रिंस बाइक से आया था। बता दें कि एसआईटी की जांच में इन लोगों का नाम सामने नहीं आया था।
मनीष गुप्ता हत्याकांड की जांच कर रही सीबीआई टीम ने होटल कर्मचारी से की पूछताछ।
- फोटो : अमर उजाला।
कानपुर के कारोबारी मनीष गुप्ता की हत्या के मामले की जांच कर रहे केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने शुक्रवार को गवाहों से पूछताछ शुरू की थी। पहले दिन मनीष गुप्ता के गोरखपुर के दोस्त चंदन सैनी, राणा प्रताप चंद और धनंजय त्रिपाठी को बुलाया था। रविवार को धनंजय समेत घटना के दिन होटल के कमरे में मौजूद रहे छह अन्य स्थानीय लोगों को बुलाया। टीम ने सुबह नौ बजे ही पूछताछ शुरू कर दी थी। मनीष के दोस्तों के आने में देरी हुई तो होटल कृष्णा पैलेस के एक सुरक्षा गार्ड से पूछताछ की। जांच एजेंसी ने धनंजय, शंभू, अनिल व प्रिंस से अलग-अलग पूछताछ करने के बाद एक बार फिर सभी छह लोगों को एक साथ आमने-सामने बैठाकर पूछताछ की।
मनीष गुप्ता हत्याकांड की जांच कर रही सीबीआई टीम की पूछताछ के बाद एनेक्सी भवन से बाहर निकलते लोग।
- फोटो : अमर उजाला।
एक बोतल में कई दोस्तों ने पी थी शराब
पूछताछ में मनीष के दोस्तों ने बताया कि होटल के कमरे में अंग्रेजी शराब की एक बोतल मंगाई गई थी। उसमें से मनीष समेत कुछ अन्य लोगों ने डेढ़ से दो पैग पीया था। मनीष का दोस्त प्रदीप गुरुग्राम से लगातार गाड़ी चलाकर आया था। इस कारण थकान की वजह से वह गहरी नींद में सो गया था। उसे घटना की जानकारी नहीं हो पाई।
पूछताछ में मनीष के दोस्तों ने बताया कि होटल के कमरे में अंग्रेजी शराब की एक बोतल मंगाई गई थी। उसमें से मनीष समेत कुछ अन्य लोगों ने डेढ़ से दो पैग पीया था। मनीष का दोस्त प्रदीप गुरुग्राम से लगातार गाड़ी चलाकर आया था। इस कारण थकान की वजह से वह गहरी नींद में सो गया था। उसे घटना की जानकारी नहीं हो पाई।
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बाएं आरोपी जेएन सिंह और दाएं अक्षय मिश्रा। (फाइल फोटो)
- फोटो : अमर उजाला।
घटना के वक्त कनेक्ट था अक्षय मिश्रा का मोबाइल
चंदन समेत कार में सवार स्थानीय दोस्तों राणा प्रताप चंद, शंभू, धनंजय व अनिल ने सीबीआई को बताया कि होटल में मनीष, हरदीप व प्रदीप को छोड़ने के बाद वे लोग कार से घर लौट रहे थे। खजनी के जैतपुर के पास पहुंचे ही थे कि चंदन के पास फोन आया। मोबाइल कार के स्पीकर से कनेक्ट था। ट्रू कॉलर की वजह से अक्षय मिश्रा लिखकर आ रहा था। चंदन ने फोन रिसीव किया। स्पीकर पर होने की वजह से सभी लोग आवाज सुन रहे थे। फोन करने वाले ने मनीष गुप्ता और उनके दोनों दोस्तों के बारे में पूछा और जानने का प्रयास किया कि वह उन्हें जानता है या नहीं। चंदन ने बताया कि वे मेरे गेस्ट हैं। इसके बाद अक्षय मिश्रा ने कहा कि कोई बात नहीं, रूटीन जांच के लिए हम लोग आए हैं। अक्षय मिश्रा का फोन कटा नहीं था। उधर से आवाज सुनाई दे रही थी। मनीष किसी से फोन पर बात कर रहे थे और पुलिसवालों में से किसी ने फोन करने पर मनीष को गाली दी थी। इसके बाद उन लोगों को संदेह हो गया था कि होटल में कुछ गड़बड़ हो रही है। इसके बाद कार को वापस मोड़कर होटल आ गए थे। होटल पहुंचने पर उनकी आशंका सही निकली थी।
चंदन समेत कार में सवार स्थानीय दोस्तों राणा प्रताप चंद, शंभू, धनंजय व अनिल ने सीबीआई को बताया कि होटल में मनीष, हरदीप व प्रदीप को छोड़ने के बाद वे लोग कार से घर लौट रहे थे। खजनी के जैतपुर के पास पहुंचे ही थे कि चंदन के पास फोन आया। मोबाइल कार के स्पीकर से कनेक्ट था। ट्रू कॉलर की वजह से अक्षय मिश्रा लिखकर आ रहा था। चंदन ने फोन रिसीव किया। स्पीकर पर होने की वजह से सभी लोग आवाज सुन रहे थे। फोन करने वाले ने मनीष गुप्ता और उनके दोनों दोस्तों के बारे में पूछा और जानने का प्रयास किया कि वह उन्हें जानता है या नहीं। चंदन ने बताया कि वे मेरे गेस्ट हैं। इसके बाद अक्षय मिश्रा ने कहा कि कोई बात नहीं, रूटीन जांच के लिए हम लोग आए हैं। अक्षय मिश्रा का फोन कटा नहीं था। उधर से आवाज सुनाई दे रही थी। मनीष किसी से फोन पर बात कर रहे थे और पुलिसवालों में से किसी ने फोन करने पर मनीष को गाली दी थी। इसके बाद उन लोगों को संदेह हो गया था कि होटल में कुछ गड़बड़ हो रही है। इसके बाद कार को वापस मोड़कर होटल आ गए थे। होटल पहुंचने पर उनकी आशंका सही निकली थी।
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मनीष गुप्ता हत्याकांड की जांच कर रही सीबीआई टीम ने कानपुर एसआईटी से की पूछताछ।
- फोटो : अमर उजाला।
एसआईटी कानपुर भी पहुंची गोरखपुर
सीबीआई ने मनीष गुप्ता मामले की विवेचना करने वाली एसआईटी कानपुर को भी पूछताछ के लिए बुलाया है। एसआईटी की जांच में अब तक क्या सामने आया, इस बारे में सीबीआई टीम जानकारी हासिल करेगी। इंस्पेक्टर और दो दरोगा सहित तीन सदस्यीय टीम रविवार शाम चार बजे एनेक्सी भवन पहुंची। तीनों लोग सीबीआई के सामने पेश हुए।
सीबीआई ने मनीष गुप्ता मामले की विवेचना करने वाली एसआईटी कानपुर को भी पूछताछ के लिए बुलाया है। एसआईटी की जांच में अब तक क्या सामने आया, इस बारे में सीबीआई टीम जानकारी हासिल करेगी। इंस्पेक्टर और दो दरोगा सहित तीन सदस्यीय टीम रविवार शाम चार बजे एनेक्सी भवन पहुंची। तीनों लोग सीबीआई के सामने पेश हुए।