बौद्धिक संपदा (आईपीआर) कानून को लेकर हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में फिल्म निर्माताओं के खिलाफ सीधा मोर्चा खोलने वालो में जावेद अख्तर के साथ गायक सोनू निगम का नाम भी सबसे आगे रहा है। इसी कानूनी लड़ाई के चलते सोनू निगम ने पार्श्वगायन बिल्कुल कम कर दिया। उनके सुपर हिट गानों के नए संस्करण बनाने की कोशिशें भी टी सीरीज म्यूजिक कंपनी ने की लेकिन सोनू निगम, सोनू निगम हैं।
देश के पहले म्यूजिक रियलिटी शो सारेगामापा को सिर्फ अपनी मेजबानी से कालजयी शो बना देने वाले सोनू निगम मौजूदा दौर के म्यूजिक रियलिटी शोज से खासे नाराज हैं। वह नाराज इस बात से नाराज हैं कि चैनलों की मार्केटिंग के वे लोग शो बनाने वालों को ही ज्ञान देने लगते हैं, जिन्हें क्रिएटिविटी की एबीसीडी भी नहीं पता होती।
लेकिन, अमर उजाला से बातचीत में सोनू निगम ने इस बात का काफी दुख जताया कि मशहूर गायक मोहम्मद अजीज को उनकी बदहाली के दिनों में हिंदी सिनेमा के दिग्गजों से मदद नहीं मिली। सोनू ने कहा, ‘मोहम्मह अजीज को मैं अपना गुरु मानता रहा। उनके घर भी आता जाता रहा। जिस दिन उनका निधन हुआ मैं रात में उनके घर पर ही रहा, उनके परिवार के साथ। मुझे जो भी बन पड़ा मैंने किया और आगे भी करता रहूंगा।’
अपने गुरु मोहम्मद अजीज की याद में सोनू निगम एक बहुत बड़ा शो भी करने जा रहे हैं। इस शो में वह अपने साथ गाने गा चुके तमाम गायकों को इकट्ठा करने की तैयारी कर रहे हैं। इस शो के जरिए वह कुछ ऐसा करना चाहते हैं ताकि मोहम्मद अजीज के परिवार को आर्थिक मदद के लिए किसी के आगे हाथ न फैलाने पड़ें। अपनी शॉर्ट फिल्म स्पॉटलेस को मिल रही तारीफ के बारे में पूछने पर सोनू कहते हैं, ‘एक्टिंग के लिए मैं कभी किसी के पीछे भागा नहीं।
पहले भी लोग ही मेरे पास आए कि आप स्मार्ट दिखते हो तो हीरो बन जाओ। मैंने एक्टिंग की लेकिन शायद प्रोजेक्ट ठीक नहीं बने। अब ये शॉर्ट फिल्म की तारीफ हो रही है। इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल्स में ये अवार्ड बटोर रही है। देखते हैं, कोई फिर से एक्टिंग के लिए ऑफर लेकर आया तो।’ नए साल का जिक्र करने पर सोनू काफी उत्साहित दिखे। बोले, ‘ नये साल पर मेरा नया गाना आ रहा है और 4 जनवरी को इसका वीडियो शूट करने में करनाल जा रहा हूं।’