मां जो अपने आप में तो सिर्फ एक शब्द है, लेकिन बच्चे के लिए उसका सारा संसार है। मां के प्यार और त्याग के एहसानों को कभी नहीं चुकाया जा सकता, क्योंकि मां का प्रेम अनमोल है। उसके त्याग का कोई मोल नहीं अगर हम पूरे जीवन भी मां की सेवा में गुजार दें, तो उसके किए गए समर्पण का सौवां हिस्सा भी नहीं चुका सकते। वैसे तो हर दिन मां के नाम होना चाहिए, लेकिन मदर्स डे का दिन मां के लिए बेहद खास होता है। हिंदी सिनेमा में भी कई ऐसी फिल्मों का निर्माण हुआ है, जिनमें न सिर्फ मां और बच्चे के बीच का मजबूत रिश्ता दिखाया गया है, बल्कि मां का एक सशक्त और मजबूत रूप भी दिखाया गया है। हर मां और संतान को ये फिल्में देखनी चाहिए।
Mother's Day Special: बॉलीवुड की ये फिल्में जरूर देखनी चाहिए, जो मां-बच्चे के मजबूत बॉन्ड के साथ सशक्त मां की कहानी दिखाती हैं
मॉम (2017)
श्रीदेवी की मुख्य भूमिका वाली फिल्म न सिर्फ सौतेली मां के लिए समाज में व्याप्त मिथ्याओं को तोड़ती है, बल्कि सशक्त मां की कहानी भी दिखाती है। फिल्म में आर्य नाम की लड़की की कहानी दिखाई गई है, जिसकी जिंदगी तब बदल जाती है, जब उसके स्कूल के ही कुछ लड़के उसके साथ गैंगरेप करते हैं। फिर उनकी सौतेली मां (श्रीदेवी) उनको सबक सिखाने के लिए एक जासूस की मदद लेती है।
मदर इंडिया (1957)
महबूब खान के निर्देशन में बनी फिल्म 'मदर इंडिया' एक ऐसी फिल्म है, जिसे कभी नहीं भुलाया जा सकता है। इतने सालों के बाद भी इस फिल्म को आज भी पसंद किया जाता है। इस फिल्म में नरगिस को भले ही गरीबी से मजबूर एक लाचार मां की भूमिका में दिखाया गया था, लेकिन वह अपने बच्चों के लिए दुनिया से लड़ती है। इस फिल्म में मां का किरदार देख हर किसी की आंखों में आंसू आ गए थे। इस फिल्म में एक मां का अपने बेटों के लिए समर्पण दर्शकों को काफी पसंद आया था और ये फिल्म उस समय में सुपरहिट रही थी।
जज्बा (2015)
ऐश्वर्या राय की कम बैक फिल्म 'जज्बा' में उन्होंने एक ऐसी मां का किरदार अदा किया, जिसमें ममता के अलावा उसका गुस्सा, बदला और शक्ति की कहानी भी दिखाई गई है। जो अपने बच्चे पर जरा सी आंच भी आने पर पूरी शक्ति के साथ किसी भी मुसीबत का सामना करने को तैयार है। इसमें एक कामकाजी मां को दिखाया गया है, जो ऑफिस के साथ अपना घर भी संभालती है और अपनी बेटी की रक्षा के लिए कुछ भी करने को तैयार है।
मातृ (2017)
'मातृ' फिल्म में एक ऐसी मां की कहानी दिखाई गई है, जिसकी बेटी का रेप हो जाता है और बाद में उसकी मौत भी हो जाती है, लेकिन इन सबके बावजूद एक मां टूटती नहीं है, बल्कि मजबूत के साथ सिस्टम से लड़ती है और अपनी बेटी के गुनहगारों को सजा दिलवाती है। फिल्म में रवीना टंडन ने एक सशक्त और शक्तिशाली मां का किरदार अदा किया था।