फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

उन्नाव दुष्कर्म केस: सजा सुनते ही फूट-फूटकर रोया कुलदीप सेंगर, कोर्ट ने कहा-ऐसे दोषियों पर रहम नहीं

Sat, 14 Mar 2020 10:08 AM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली Published by: शाहरुख खान Updated Sat, 14 Mar 2020 10:08 AM IST
विज्ञापन
Unnao case Court says All convicts including kuldeep sengar are entitled to maximum punishment
kuldeep singh sengar - फोटो : सोशल मीडिया
उन्नाव की बिटिया के पिता की मौत मामले में पूर्व विधायक कुलदीप सिंह सेंगर समेत सभी सातों दोषियों को 10 साल कठोर कारावास की सजा सुनाते वक्त दिल्ली की एक अदालत ने अहम टिप्पणी की है। तीस हजारी अदालत के जिला जज धर्मेश शर्मा ने फैसला सुनाते हुए कहा, जिस तरह से अपराध किया गया। पीड़िता के पिता को बेरहमी से पीटा गया और दौड़ाया गया, ऐसे में दोषियों के प्रति कोई उदारता नहीं बरती जा सकती। सभी गुनहगार अधिकतम सजा पाने के हकदार हैं।
Unnao case Court says All convicts including kuldeep sengar are entitled to maximum punishment
kuldeep sengar - फोटो : अमर उजाला
जज धर्मेश शर्मा ने कहा, इस बात से इनकार नहीं किया जा सकता है कि सेंगर और उसके सहयोगियों ने कानून का उल्लंघन किया गया है। सेंगर और दो पुलिसकर्मी एक सार्वजनिक पदाधिकारी थे और उन्हें कानून का पालन करना चाहिए था। दोषियों को भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) के तहत कई सजाएं सुनाई गईं। 
Unnao case Court says All convicts including kuldeep sengar are entitled to maximum punishment
kuldeep sengar - फोटो : अमर उजाला
इनमें धारा 120 बी (आपराधिक साजिश) के तहत पांच साल, धारा 193 (झूठे सुबूत देने) के तहत सात साल, धारा 203 (झूठी सूचना देने) के तहत दो साल, धारा 201 (अपराध के सुबूत गायब करने) के तहत दो साल, धारा 211 (जख्मी करके झूठे आरोप मढ़ना) के तहत सात साल, धारा 323 (चोट पहुंचाने) के तहत एक साल, धारा 341 (गलत तरीके से सख्ती बरतने) के तहत एक माह और आम्स एक्ट की धारा 25 के तहत तीन साल कैद की सजा सुनाई गई। सजा सुनाते समय, अदालत ने यह भी साफ कर दिया कि दोषियों के लिए सभी सजाएं साथ-साथ चलेंगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
Unnao case Court says All convicts including kuldeep sengar are entitled to maximum punishment
फाइल फोटो - फोटो : सोशल मीडिया
डॉक्टरों के खिलाफ कार्रवाई का यूपी सरकार को निर्देश
जज धर्मेश शर्मा ने पीड़िता के पिता की मौत के पीछे जांच रिपोर्ट में डॉक्टरों की लापरवाही को भी आडे़ हाथ लिया है। जज ने यूपी सरकार को ऐसे डॉक्टरों के खिलाफ पर्याप्त अनुशासनात्मक कार्रवाई करने का निर्देश भी दिया। दरअसल, याचिकाकर्ता वकील धर्मेंद्र मिश्रा ने अपनी याचिका में आरोप लगाया है कि जिला अस्पताल ने जानबूझकर सेंगर के कहने पर पीड़िता के पिता का सही से इलाज नहीं किया, जिससे उनकी मौत हो गई।
विज्ञापन
Unnao case Court says All convicts including kuldeep sengar are entitled to maximum punishment
फाइल फोटो - फोटो : amar ujala
अभी दो और मामलों में फैसला आना बाकी
ये दूसरी एफआईआर है, जिस पर कोर्ट ने शुक्रवार को सजा सुनाई है। अभी कार दुर्घटना में पीड़िता के परिवार के लोगों की मौत से जुड़ी दो एफआईआर पर कोर्ट का फैसला आना बाकी है। इससे पहले कोर्ट ने बीते 20 दिसंबर को कुलदीप सेंगर को उन्नाव दुष्कर्म मामले में उम्रकैद की सजा सुनाई थी।
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed