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निर्भया केसः तिहाड़ में दोषियों को फांसी देने का अभ्यास शुरू, रेत की डमी को लगाई गई फांसी

Sat, 11 Jan 2020 05:23 PM IST
Vikas Kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Vikas Kumar Updated Sat, 11 Jan 2020 05:23 PM IST
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Nirbhaya Case: The practice of hanging the culprits started in Tihar jail
निर्भया में दोषी - फोटो : अमर उजाला

निर्भया गैंगरेप केस के चार दोषियों को 22 जनवरी को सुबह 7 बजे फांसी देना तय माना जा रहा है। हालांकि यदि क्यूरेटिव याचिका और राष्ट्रपति से दया याचिका में कुछ समय लगता है तो फांसी की तारीख आगे बढ़ सकती है। इसके बावजूद तिहाड़ जेल नंबर-3 में दोषियों को फांसी देने की तैयारियां जारी हैं।


 

Nirbhaya Case: The practice of hanging the culprits started in Tihar jail
निर्भया के दोषियों को होगी फांसी - फोटो : Amar Ujala

जेल सूत्रों के अनुसार फांसी घर में दोषियों को फांसी देने की तैयारी चल रही है। दोषी के करीब डेढ़ गुना वजन के रेत की डमी को फंदे पर लटका देखा जा रहा है। वजन और हाइट के अनुसार डमी को 1.83 मीटर से 2.44 मीटर तक लटकाकर देखा जा रहा है। जेल अधिकारियों का कहना है कि हर दोषी के लिए दो फंदे अतिरिक्त रखे गए हैं। अधिकारियों के मुताबिक हर फांसी के समय नए फंदों का ही इस्तेमाल किया जाता है। 
 

Nirbhaya Case: The practice of hanging the culprits started in Tihar jail
nirbhaya case - फोटो : अमर उजाला

जेल अधिकारियों का कहना है कि फांसी पर लटकाने के बाद निर्भयों के दोषियों को आधे घंटे तक फंदे पर लटके रहना दिया जाएगा। मेडिकल ऑफिसर इनकी मौत की पुष्टि करेगा तभी इनको फंदे से उतारा जाएगा। जेल सूत्रों के मुताबिक फांसी का फंदा मुलायम रहे, इसके लिए फंदे को मक्कखन में भिगोया जा रहा है। फंदे को स्टील के बक्से में सुरक्षित रखा जा रहा है।

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Nirbhaya Case: The practice of hanging the culprits started in Tihar jail
तिहाड़ जेल - फोटो : PTI

जेल अधिकारियों के मुताबिक फांसी के समय जेल के वरिष्ठ अधिकारियों के अलावा मेडिकल ऑफिसर और मनोचित्सिक मौके पर मौजूद रहेंगे। दोषियों या किसी अन्य शख्स को फांसी घर में रहने की अनुमति नहीं होगी। जेल का वार्डर फांसी के फंदे तक दोषियों को ले जाएगा। जल्लाद दोषियों की टांगों को बांध देगा। मुंह पर कपड़ा पहनाकर फांसी के फंदे को दोषी के गले में डाल दिया जाएगा। मजिस्ट्रेट कागजात देखने के बाद आखिरी बार डेथ वारंट पर साइन करेगा। इसके बाद जेल अधीक्षक के इशारे पर जल्लद फांसी घर में लगे लीवर को हटा देता। जिसके बाद दोषी फंदे पर लटक जाएगा।

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Nirbhaya Case: The practice of hanging the culprits started in Tihar jail
निर्भया कांड के दोषी - फोटो : अमअम

मौत की पुष्टि होने के बाद शव को उतारकर उसका पोस्टमार्टम कराया जाएगा। यदि परिवार ने शव लेने के लिए पहले से आवेदन किया होगा तो शव परिवार को सौंप दिया जाएगा। यदि ऐसा नहीं है तो शव को उसके धर्म के अनुसार अंतिम संस्कार कर दिया जाएगा।

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