पूर्व मुख्यमंत्री एनडी तिवारी के बेटे रोहित शेखर तिवारी व अपूर्वा शुक्ला के बीच जब उनके डिफेंस कॉलोनी स्थित घर में झगड़ा हुआ था तब रोहित ने शराब पी रखी थी। इसकी पुष्टि दो दिन पहले अपराध शाखा को मिली रोहित की विसरा रिपोर्ट से हुई है। दिल्ली पुलिस ने अपूर्वा शुक्ला के खिलाफ बृहस्पतिवार को चार्जशीट दाखिल की है ताकि उसे जमानत नहीं मिल सके।
रोहित शेखर हत्याकांडः विसरा रिपोर्ट में सामने आया अबतक का बड़ा सच, आज अपूर्वा की होगी पेशी
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दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि अपूर्वा न्यायिक हिरासत में है और शुक्रवार को कोर्ट में पेशी है। ऐसे में अगर पुलिस चार्जशीट दाखिल नहीं करती तो उसे जमानत मिलने की संभावना थी। इस कारण दिल्ली पुलिस ने 81 दिन में ही अपूर्वा के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी। हालांकि हत्या के केस में पुलिस तीन महीने के अंदर चार्जशीट दाखिल कर सकती है। अपराध शाखा के पुलिस अधिकारियों की बृहस्पतिवार शाम बैठक हुई थी। उसके बाद चार्जशीट बृहस्पतिवार को ही दाखिल करने का फैसला लिया गया। दिल्ली पुलिस को अभी अपूर्वा के नखूनों की रिपोर्ट, रोहित के ब्लड सैंपल, मौके से मिले फिंगर प्रिंट और अपूर्वा के मोबाइल फोन की रिपोर्ट मिलना बाकी है।
पुलिस को रोहित का ताकिया खून से सना मिला था। ऐसे में पुलिस सबूत जुटाना चहाती है कि क्या मौके पर मिला ब्लड रोहित का ही था। अपूर्वा के नाखूनों की रिपोर्ट से यह पता चल जाएगा कि उसने रोहित का गला दबाया था या नहीं। दिल्ली पुलिस ने चार्जशीट में परिस्थितिजन्य साक्ष्य को ही रखा है। पुलिस के पास साक्ष्य के तौर पर घटनास्थल की सीसीटीवी फुटेज हैं। इसमें अपूर्वा ग्राउंड फ्लोर से पहली मंजिल पर स्थित रोहित के कमरे की तरफ जाती हुई दिखाई दे रही है।
इसके अलावा रोहित की पोस्टमार्टम रिपोर्ट है। उसमें रोहित की हत्या का टाइम वही आया है जो टाइम सीसीटीवी फुटेज में है। रोहित व अपूर्वा के खिलाफ अचानक लड़ाई होना भी एक सबूत है। इसके अलावा पुलिस को रोहित व अपूर्वा के बीच पहले से चल रहे झगड़े के भी साक्ष्य मिल गए हैं।
सभी ने अपूर्वा के खिलाफ बयान दिया
रोहित शेखर के परिवार के सभी सदस्यों ने अपूर्वा शुक्ला के खिलाफ बयान दिया है। इनमें नौकर गोलू, अखिलेश, रोहित की मां उज्जवला तिवारी, भाई सिद्धार्थ और नौकरी की पत्नी हैं। पुलिस इन सबको को अहम गवाह मान रही है। वारदात के समय ये लोग ही घर में मौजूद थे।