दिल्ली-एनसीआर में वायु गुणवत्ता गंभीर से बहुत खराब स्तर के बीच बनी हुई है। शुक्रवार को लगातार दूसरे दिन गाजियाबाद की हवा गंभीर प्रदूषित रही। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के मुताबिक, हवा की गति बढ़ी तो अगले दो दिन में स्थिति में सुधार हो सकता है।
गंभीर बनी रही दिल्ली-एनसीआर की वायु गुणवत्ता, गाजियाबाद में हालात ज्यादा खराब
सिस्टम ऑफ एयर क्वालिटी एंड वेदर फोरकास्टिंग एंड रिसर्च (सफर) के मुताबिक, दिल्ली में प्रदूषण कणों के बिखराने में सक्षम गति वाली हवा चल रही है। ऐसे में सुधार की गुंजाइश है। शुक्रवार को सतह पर हवा की गति 4.1 किलोमीटर प्रति घंटे रिकॉर्ड की गई। हालांकि, अन्य मौसमी गतिविधियां प्रदूषण को बढ़ाने वाली हैं। इनमें घना कोहरा, आर्द्रता आदि शामिल हैं। सफर ने अपनी हेल्थ एडवाइजरी में कहा है कि श्रमसाध्य कार्य खुले वातावरण में न करें। संभव हो तो एन-96 और पी-100 मास्क का इस्तेमाल करें।
शुक्रवार को दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 392, फरीदाबाद का 370, गाजियाबाद का 401, ग्रेटर नोएडा का 396, गुरुग्राम का 334, नोएडा का 368 रिकॉर्ड किया गया। 301 से 400 का एक्यूआई बहुत खराब और 401 से 500 का एक्यूआई गंभीर प्रदूषण को दर्शाता है।
तेज हवा के कारण घटे पीएम कण
सतह पर तेज गति वाली हवा के कारण दिल्ली-एनसीआर की हवा में पार्टिकुलेट मैटर 2.5 और 10 में भी कमी आई है। शुक्रवार को रात आठ बजे पीएम 2.5 का स्तर 228 माइक्रोग्राम प्रति घनमीटर और पीएम 10 का स्तर 360 माइक्रोग्राम प्रति घनमीटर रिकॉर्ड हुआ है। पीएम 2.5 का सामान्य स्तर 60 और पीएम 10 का 100 माइक्रोग्राम प्रति घनमीटर है।
28 27 26 25 24 23 22
दिल्ली 392 399 384 409 448 450 421
गाजियाबाद 401 423 398 414 456 478 498
ग्रेटर नोएडा 383 394 415 450 457 438 396
नोएडा 368 388 386 394 464 466 434
फरीदाबाद 370 392 327 394 444 444 392
गुरुग्राम 334 347 310 337 303 300 197
(0 से 50 एक्यूआई अच्छा, 51 से 100 संतोषजनक, 101 से 200 मध्यम, 201 से 300 खराब, 301 से 400 बहुत खराब व 401 से 500 गंभीर स्तर का प्रदूषण दिखाता है।