महर्षि दयानंद चौक (आगरा चौक) स्थित नेताजी सुभाष चंद्र बोस खेल स्टेडियम में शौचालय को लेकर महिला हॉकी व वॉलीबाल के कोच में ठन गई। मामला इतना बिगड़ा कि जूनियर महिला हॉकी खिलाड़ी अपनी कोच के साथ महिला थाने तक जा पहुंची। जहां खिलाड़ियों ने वॉलीबाल कोच पर अश्लील कमेंट कसने से लेकर अभद्र व्यवहार सहित कई आरोप लगाए।
टॉयलेट न होने से परेशान महिला खिलाड़ी ने कोच पर लगाया संगीन आरोप
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जिला खेल अधिकारी अशोक सैनी भी महिला थाने पहुंचे। उन्होंने थाने में डीएसपी के समक्ष कहा कि शौचालय की कमी को लेकर सारा मामला बिगड़ा है। बाद में डीएसपी मौजीराम ने कहा कि समझा-बुझा कर मामले का समाधान करा दिया गया है, जबकि हॉकी खिलाड़ियों ने कहा कि उनकी कोई सुनवाई नहीं हुई है। प्रदेश सरकार खुले में शौच बंद करने के लिए विशेष अभियान चला रही है। सेलिब्रिटी से लेकर अधिकारी तक सभी गांवों को इसके लिए जागरूककर रहे हैं, लेकिन सरकारी विभाग ही इस अभियान को ठेंगा दिखा रहे हैं।
बुधवार को महिला थाने में शिकायत करने पहुंची महिला जूनियर हॉकी खिलाड़ियों का कहना था कि प्रतिदिन शाम के समय 30-40 खिलाड़ी प्रैक्टिस करने के लिए पलवल आती हैं। लेकिन स्टेडियम में उनके लिए शौचालय की व्यवस्था नहीं है। जिला खेल अधिकारी कार्यालय में दो शौचालय हैं जो कि एक कार्यालय के पास और दूसरा कार्यालय के ऊपर। जब वह वॉशरूम जाती हैं तो कोच भूषण उन्हें ऊपर के टॉयलेट में जाने के लिए कहता है। खिलाड़ियों का आरोप था कि ऊपर वाले शौचालय में कोई सुविधा नहीं है। वहां हर वक्त दुर्गंध व अंधेरा रहता है। जब खिलाड़ी नीचे वाले टॉयलेट का प्रयोग करती हैं तो वॉलीबाल कोच उनके साथ अभद्र व्यवहार करता है। खिलाड़ियों ने कोच पर गाली-गलौच करने के साथ जातिसूचक शब्दों के प्रयोग करने का भी आरोप लगाया।
कई अन्य संगीन आरोप लगाए। महिला हॉकी कोच ज्योति ने भी वॉलीबाल कोच पर कई तरह के आरोप लगाते हुए कहा कि उनकी हरकतों से परेशान होकर उन्हें थाने का रुख करना पड़ा। वहीं आरोपी कोच ने खुद पर लगे आरोपों को निराधार बताया। आरोपी कोच का कहना था कि महिला कोच से उसकी कहासुनी हो गई थी, वह खिलाड़ियों को मोहरा बनाकर उन्हें झूठे मामले में फंसाने का प्रयास कर रही हैं। बाद में पुलिस ने जिला खेल अधिकारी की मौजूदगी में दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर भेज दिया।
खेल परिसर में शौचालय की वाकई ही बड़ी समस्या है। इसी के चलते बुधवार को यह विवाद हुआ। स्टेडियम में चार-पांच नए शौचालय बनवाने के लिए विभागीय अधिकारियों को मांग पत्र भेजा जा रहा है। महिला कोच की शिकायत उनके भी पास आई है। कोच भूषण को समझा दिया गया है, आगे से ऐसी कोई शिकायत सामने नहीं आएगी।-अशोक सैनी, जिला खेल अधिकारी।
महिला हॉकी खिलाड़ियों की शिकायत में मुख्य समस्या शौचालय की थी। मौके पर जिला खेल अधिकारी को बुलाकर उनसे लिखित में ले लिया गया है। कार्यालय के पास नीचे वाले बाथरूम को महिला खिलाड़ी प्रयोग में लेंगी। कोच भूषण को नसीहत दे दी गई है कि वह महिला खिलाड़ियों के प्रति अपने व्यवहार को ठीक रखें। -मौजीराम, डीएसपी, पलवल।