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CBSE 10th Result: सफलता की कहानी, 10 टॉपर्स की जुबानी... आपकी कामयाबी पक्की
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: देव कश्यप
Updated Tue, 07 May 2019 05:38 AM IST
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सिद्धांत पनगोरिया
- फोटो : अमर उजाला
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सीबीएसई में दसवीं में सर्वाधिक अंक लाने वाले होनहारों का कहना है कि पढ़ाई को ‘पढ़ाई बोझ समझकर नहीं, शौक समझकर करें’। कामयाबी निश्चिंत ही आपके कदम चूमेगी। इसके साथ ही इनका सोशल मीडिया का इस्तेमाल तो करें लेकिन नियमित...
सिद्धांत पनगोरिया,नोएडा कामयाबी के लिए एक साल तक फोन तक का नहीं किया इस्तेमाल
सीबीएसई के 10वीं के नतीजों में लोट्स वैली स्कूल में पढ़ने वाले सिद्धांत पेनगोरिया पढ़ाई के साथ-साथ स्पोर्ट्स में भी अव्वल है। एक साल तक फोन तक का इस्तेमाल नहीं किया। सोशल मीडिया से पूरी तरह से दूर रहें। अगर कुछ समझ नहीं आता तो मम्मी की मदद लेते थे। हालांकि मनोरंजन के लिए स्पोर्ट्स, मूवी और गाने सुनते थे। यही वजह है कि कभी पढ़ाई का तनाव महसूस नही किया।
लक्ष्य: आगे कानून की पढ़ाई करना चाहते हैं।
टिप्स: सोशल मीडिया से रहे दूर
रिपोर्ट कार्ड
गणित 100
इंग्लिश 99
फ्रेंच 100
सोशल साइंस 100
साइंस 100
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शिवानी लाठ
- फोटो : अमर उजाला
शिवानी लाठ, नोएडा साल भर की मेहनत का मिला फल
शिवानी परीक्षा के दौरान मुश्किल गड़ी से गुजरी थी। परीक्षा के दौरान शिवानी की ताई की का निधन थी। इस वजह से परिवार के लोग पटना चले गए थे। अकेली रहकर शिवानी ने पढ़ाई की। वसुंधरा में रहने वाली शिवानी ने बताया कि मैंने 10 वीं में शुरू से ही पढ़ाई की थी। इसलिए कभी अंतिम समय में पढ़ाई को तनाव महसूस नहीं किया। शिवानी के पिता शिव कुमार लाठ सीए हैं और मां नीतू लाठ गृहणी हैं। मां से घर से ही बिजनेस करती हैं। शिवानी ने बताया कि 11 वीं में मैंने कॉमर्स के साथ गणित विषय लिया है। सीए करना चाहती हूं। उसके बाद सिविल सर्विस में जाना चाहूंगी। जब भी खाली समय मिलता है पेंटिंग करना पसंद है। इससे उन्हें सकारात्मक ऊर्जा मिलती है।
लक्ष्य: सिविल सर्विस में जाने का
टिप्स: पेपर देते समय साफ-साफ लिखें। महत्वपूर्ण वाक्यों को अंडर लाइन करें। इससे परीक्षक को कॉपी चैक करते समय आसानी होती है। परीक्षा की तैयारी करते समय खुद के नोट्स बनाएं। इससे बहुत मदद मिलती है।
रिपोर्ट कार्ड
हिंदी 99
गणित 100
विज्ञान 100
अंग्रेजी 100
सामाजिक विज्ञान 100
3 of 10
दिव्यांश वाधवा
- फोटो : अमर उजाला
एक नंबर कम आने का मलाल- दिव्यांश वाधवा, नोएडा
बाल भारती स्कूल के दिव्यांश वाधवा ने भी स्थान हासिल किया है। दिव्यांश वाधवा को पूरी उम्मीद थी कि वो सीबीएसई के रिजल्ट में 10 वीं में टॉप करेंगे। इसकी खुशी के साथ-साथ रिजल्ट में एक नंबर कम आने का दुख भी है। दिव्यांश का कहना है कि सोशल साइंस में हमेशा पूरे नंबर आते थे। इस विषय में 100 नंबर आने की उम्मीद थी। दिव्यांश ने बताया कि मैंने कभी ट्यूशन नहीं लिया है। कभी कोई दिक्कत होती थी तो टीचर हमेशा मदद करती थीं। प्रिंसिपल खुद कॉपी देखती थीं। दिव्यांश ने बताया कि 12 वीं के बाद में मैं न्यूक्लियर फिजिक्स में पढ़ाई करना चाहता हूं। इस विषय में मुझे बहुत रुचि है। मैं साइंस के नेशनल लेवल की प्रतियोगिता में हिस्सा लेता रहता हूं। इसकी वजह से मुझे कई रिसर्च सेंटर में घूमने का मौका भी मिलता है।
लक्ष्य: इसरो और नासा में करना चाहते हैं काम
टिप्स : कोचिंग के बजाय स्वअध्ययन करें। इसके साथ ही वर्ष भर नियमित पढ़ाई बहुत जरूरी है।
रिपोर्ट कार्ड
हिंदी 100
गणित 100
विज्ञान 100
अंग्रेजी 100
सामाजिक विज्ञान 99
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4 of 10
अपूर्वा जैन
- फोटो : अमर उजाला
परीक्षा के समय सोशल मीडिया से बनाई दूरी- अपूर्वा जैन, गाजियाबाद
अपूर्वा अपनी सफलता के पीछे शिक्षक और परिजनों का बड़ा हाथ मानती हैं। कहती हैं इन लोगों ने हमें कभी तनाव महसूस नहीं होने दिया। अगर कोई विषय बोझिल लगता था तो उस पर स्कूल के साथ कोचिंग में समझ लेती थी। शुरुआत से मेरी कोशिश हर विषय को समझकर चलने की रही, जिसका मुझे परीक्षा में लाभ मिला। अपूर्वा का मानना है कि सोशल मीडिया गलत नही है, बशर्ते उसका सीमित इस्तेमाल हो। परीक्षा के दिनों में बहुत ज्यादा बोर हो जाने पर ही व्हाट्सएप का इस्तेमाल करती।
लक्ष्य : कंप्यूटर इंजीनियर बनना।
सक्सेस मंत्र : रूटीन से नियमित पढ़ाई करें।
रिपोर्ट कार्ड
अंग्रेजी 100
संस्कृत 100
गणित 100
विज्ञान 100
सामाजिक विज्ञान 99
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5 of 10
ईश मदान
- फोटो : अमर उजाला
तनाव दूर करने में टेबल टेनिस बना मददगार- ईश मदान, गाजियाबाद
ईश मदान ने बताया कि वह रोजाना छह से सात घंटे पढ़ाई करते थे। तनाव भगाने के लिए हर दिन एक घंटे टेबल टेनिस खेला, साथ ही खानपान पर भी ध्यान रखा। सिर्फ परीक्षा के दिनों में सोशल मीडिया से दूरी बनाई। विज्ञान और गणित थोड़ा कठिन लगा तो उसके लिए अलग से कोचिंग ली। ईश अपनी सफलता का श्रेय परिजनों और शिक्षकों को देते हैं।
लक्ष्य : इंजीनियर बनना।
सक्सेस मंत्र : परीक्षा के समय सोशल मीडिया से बनाई दूरी।
रिपोर्ट कार्ड
अंग्रेजी 100
हिन्दी 100
सामाजिक विज्ञान 100
गणित 100
विज्ञान 99
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