स्कूल कैंपस में किडनैप रहा बच्चा, लेडी प्रिंसिपल दे रही सफाई
व्हाट्स एप पर वायरल हुई बदमाश दीपक की एक सेल्फी से ही अपहरण कांड का सुराग पुलिस के हाथ लगा। क्राइम ब्रांच प्रभारी अवनीश गौतम और एसओ सिहानी गेट रणवीर सिंह ने इस सुराग पर काम किया और बदमाशों को धर दबोचा। रविवार शाम चार बजे लापता हुए जयकरण की खोज उसके परिजन रिश्तेदारी और अन्य दोस्तों के पास कर रहे थे। सोमवार सुबह जब जयकरण के पिता विवेक महाजन के पास दो करोड़ की फिरौती का फोन आया तो उन्होंने तत्काल पुलिस को सूचना दी। (सभी फोटो:पप्पू नेहरा/अमर उजाला, गाजियाबाद)
स्कूल कैंपस में किडनैप रहा बच्चा, लेडी प्रिंसिपल दे रही सफाई
फिरौती में मोटी रकम मांगे जाने की खबर लगते ही पुलिस में हड़कंप मच गया। एसएसपी धर्मेंद्र सिंह ने इस मामले की कमान एसपी सिटी अजयपाल शर्मा को सौंपी। सीओ विजय प्रताप के साथ क्राइम ब्रांच और सिहानी गेट पुलिस की कई टीमें गठित की गईं। पुलिस की जांच अभी चल ही रही थी कि अचानक वीवीआईपी में ही रहने वाले एक युवक से पुलिस को अहम जानकारी मिली। युवक के मोबाइल पर वॉटस एप पर एक फोटो वायरल हुआ था, जोकि सोसायटी में ही किराए पर रहने वाले दीपक का था।
स्कूल कैंपस में किडनैप रहा बच्चा, लेडी प्रिंसिपल दे रही सफाई
हाथ में पिस्टल लेकर दीपक ने अपनी फोटो व्हाट्स एप पर डाली थी। अपहृत जयकरण की भी ऐसी ही एक फोटो व्हाट्स एप पर थी। यहीं से पुलिस को शक हुआ कि दीपक आपराधिक प्रवृति का है। यह भी पता चला था कि दीपक और संदीप अलग-अलग फ्लैट में रहते हैं। 15-15 हजार रुपये किराया देते हैं, जबकि उनके पास कमाई का कोई साधन नहीं है।
स्कूल कैंपस में किडनैप रहा बच्चा, लेडी प्रिंसिपल दे रही सफाई
परिजनों ने यह भी बताया कि रात भर दीपक और संदीप उनके साथ जयकरण की तलाश में लगे थे, मगर फिरौती मांगे जाने से कुछ समय पूर्व से ही गायब हैं। पुलिस ने तीन टीमें बनाकर दीपक के रिश्तेदारी और रॉयल किड्स में रहने वाली उसकी मां के कमरे पर भेजी। दो बजे पुलिस और बदमाशों के बीच यहीं मुठभेड़ हुई और बदमाशों को धर दबोचा।
स्कूल कैंपस में किडनैप रहा बच्चा, लेडी प्रिंसिपल दे रही सफाई
मैं बेकसूर हूं : रॉयल किड्स स्कूल की संचालिका और प्रिंसिपल ऋचा सूद ने दावा किया कि वह बेकुसूर हैं। उन्हें पता नहीं था कि उनके स्कूल में बच्चे को किडनैप करके रखा गया है। अपहरणकर्ता दीपक की मां अनीता ने बताया कि जब दीपक जयकरण को लेकर आया तो उसने विरोध किया। दीपक ने उसे गोली मारने की धमकी देकर चुप करा दिया। जयकरण ने जब दीपक से पूछा कि उसे बांधकर क्यों रखा है तो दीपक ने उससे बहाना किया कि ‘ मैं मजबूर हूं।'