सर्दी बढ़ी तो दून चिड़ियाघर के जानवरों के खाने के मेन्यू में बदलाव किया गया है। उन्हें ठंड से बचाने के लिए चारे के साथ गुड़, खल और नमक भी दिया जा रहा है। खाने से लेकर रहने तक की व्यवस्था ठंड के अनुसार बनाने में जू प्रशासन कोई कसर नहीं छोड़ रहा है। जानवरों के बाड़ों के आसपास गश्त बढ़ा दी गई है।
चिड़ियाघर में स्पेशल इंतजाम: सर्दी बढ़ते ही बदला वन्य जीवों का मेन्यू, सांपों के लिए लगाए हीटर...तस्वीरें
चिड़ियाघर में तैनात वन क्षेत्राधिकारी विनोद कुमार लिंगवाल ने बताया कि हर बाड़े के वन्यजीव की निगरानी के लिए कर्मचारी तैनात किए गए हैं। एक कर्मचारी करीब तीन से चार बाड़े देख रहा है। कहा कि जैसे ही सर्दी का मौसम आता है वन्यजीवों के भोजन का मेन्यू भी बदल दिया जाता है। कहा कि सर्दी के मौसम में जिस स्थान पर या जिस शेड के नीचे वन्यजीव रात्रि में सोने जाते या रहते हैं उस स्थान पर पुआल की पर्याप्त व्यवस्था की गई। कुट्टी को काटकर दिया जा रहा है। गुड़ और खल से वन्यजीवों के शरीर में गर्मी बनी रहती है।
सांपों के लिए लगाए हीटर, कंबल की व्यवस्था
सर्दियों में सरीसृप वर्ग के जीव सुप्तावस्था में चले जाते हैं। इनमें सांप भी आते हैं। दून चिड़ियाघर में 12 प्रजातियों के दो दर्जन से अधिक सांप हैं। चिड़ियाघर प्रशासन ने सांपों के लिए भी खास व्यवस्था की है। वन क्षेत्राधिकारी ने बताया कि सांपों के स्थान पर हीटर लगा दिए गए हैं।
वहां कंबल के साथ पुआल भी पर्याप्त मात्रा में रखी गई है। कोशिश है कि हर हाल में सांपों को 25 डिग्री सेल्सियस से ऊपर के तापमान में रखा जाए। इसके लिए हर चार घंटे में दो हजार वाट का हीटर चालू किया जाता है। एक शेड में दो हीटर लगे हैं। धूप निकलने पर शेड खोला जाता है।
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जू में सांपों की रहती हैं ये प्रजातियां
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