जनपद के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में भारी बर्फबारी के कारण धराली और भैरोघाटी के बीच गंगोत्री हाईवे पर भारी हिमस्खलन हुआ। हालांकि वहां वाहनों की आवाजाही बंद होने और आवासीय बस्ती से दूर होने के कारण कोई नुकसान नहीं हुआ। बीआरओ के अधिकारियों के अनुसार बर्फबारी रुकने के बाद हाईवे खोलने का प्रयास किया जाएगा।
बीती 28 फरवरी को जनपद के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में हुई बर्फबारी के कारण डबराणी, झाला के समीप और धराली और भैरोघाटी के बीच भारी हिमस्खलन हुआ था। वहीं बीते सोमवार से हो रही बर्फबारी के दौरान मौसम विभाग ने ऊंचाई वाले स्थानों में हिमस्खलन की चेतावनी दी थी।
मंगलवार सुबह धराली से आगे चांगथांग के समीप बड़ा हिमस्खलन हुआ। बर्फबारी के कारण गंगोत्री हाईवे बंद होने से वहां पर शीतकाल में आवाजाही बंद है और आबादी क्षेत्र बहुत दूर है। इसलिए किसी प्रकार का नुकसान नहीं हुआ। वहीं हिमस्खलन गंगोत्री हाईवे से करीब 100 मीटर नीचे भागीरथी नदी तक हुआ।
दस ग्रामीण मोटर मार्ग बाधित
बीआरओ कमांडर विवेक श्रीवास्तव ने बताया कि उस क्षेत्र में भारी बर्फबारी हो रही है। बर्फबारी हल्की होते ही हिमस्खलन को हटाने का प्रयास किया जाएगा। इससे किसी प्रकार का नुकसान नहीं हुआ है।
प्रदेश में आज ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी और निचले इलाकों में बारिश हो रही है। सोनगाड से गंगोत्री तक बर्फबारी के कारण मार्ग बाधित हैं। बीआरओ-1442 बीसीसी द्वारा वर्तमान स्थिति सोनगाड से सुक्की टॉप तक मार्ग केवल नॉन स्किड चेन वाले वाहनों के लिए सुचारू किया गया है।
वर्तमान में बर्फबारी जारी है। सुखी टॉप पर एक जेई बर्फ हटाने के काम की निगरानी कर रहे हैं। दो जेसीबी बेट सोनगाद से सुखी टॉप तक काम कर रहे हैं। किसी भी तरह के हिमस्खलन से निपटने के लिए डबरानी में एक एक्स 205 इक्वेटर भेजा गया है। इसके अलावा जनपद के दस ग्रामीण मोटर मार्ग बाधित हैं।