शनिवार को लोहड़ी देशभर में धूमधाम से मनाई जाएगी। ऐसे में अगर आप इस शुभ मुहूर्त में पूजा कर अग्नि को आहुति देंगे तो आपका जीवन खुशियों से भर जाएगा।
लोहड़ी का त्योहार नवविवाहितों के लिए खास होता है। नव विवाहित जोड़ा इस दिन अग्नि में आहुति देते हुए उसके चारों ओर घूमता है और अपनी सुखी वैवाहिक जीवन की प्रार्थना करता है। माना जाता है कि ऐसा करने से दांपत्य जीवन में कोई परेशानी नहीं आती।
मकर संक्रांति से एक दिन पहले 13 जनवरी को धूमधान से मनाए जाने वाले लोहड़ी के त्योहार का शुभ मुहूर्त शाम 6 बजे के बाद का है। शाम 6 बजे के बाद आप लोग किसी भी समय आग जलाकर पूजा शुरू कर सकते हैं।
देहरादून के हरीश आनंद ने बताया कि लोहड़ी के दिन आग में तिल, गजक, मूंगफली, गुड़, रेवड़ी, खील, मक्का और गन्ना चढ़ाया जाता है। ऐसा करने के पीछे की मान्यता ये है कि अग्नि में आहुति देने से ये सब भगवान तक पहुंचता है और सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं। साथ ही तिल, गुड़, रेवड़ी आदि आग में आहुति देने से घी में धन की कमी नहीं होती।
बताया कि इस दिन दुल्ला भट्टी वाला को याद किया जाता है। मुगल काल में अकबर के दौरान दुल्ला भट्टी पंजाब में रहा करता था। कहा जाता है कि दुल्ला भट्टी ने पंजाब की लड़कियों की रक्षा की थी। इसलिए इस दिन बेटियों की सुरक्षा की कामना भी की जाती है।