जम्मू-कश्मीर के कठुआ में हुए आतंकी हमले में उत्तराखंड ने अपने पांच लाल खो दिए। जवानों के पार्थिव शव जौलीग्रांट एयरपोर्ट लाए जा रहे हैं। सरकार की ओर से मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल एयरपोर्ट जा रहे हैं। खबर के बाद से पूरे प्रदेश में शोक की लहर है। हर किसी की आंख नम है।
Kathua Terrorist Attack: उत्तराखंड ने खो दिए अपने पांच लाल...हर आंख नम, जौलीग्रांट लाए जा रहे पार्थिव शरीर
कैबिनेट मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल ने कहा कि यह कायराना घटना है। मैं शहीदों को शत शत नमन करता हूं। उनकी शहादत खाली नहीं जाएगी। उनसे शहीदों की शहादत का बदला लिया जाएगा।
देवप्रयाग विधायक बलिदानी आदर्श नेगी के घर पहुंचे। परिजनों को सांत्वाना देने के साथ ही उन्होंने मुख्यमंत्री एवं सांसद बलूनी से परिजनों की वार्ता कराई। कहा इस दुख की घड़ी में पूरा प्रदेश एवं देश आपके साथ है।
पूरी डागर पट्टी में शोक की लहर है। लोग बलिदानी के घर पहुंच रहे हैं।
बलिदानी राइफलमैन अनुज नेगी का परिवार रखती खाल विकासखंड के डाबरिया गांव में रहता है। बलिदानी के दो भाई-बहन है। पिता भारत सिंह वन विभाग में दैनिक श्रमिक के पद पर काम करते हैं। जबकि मां सुमित्रा देवी गृहणी है। ग्राम प्रधान नंदन सिंह ने बताया कि बलिदानी अनुज की शादी बीते साल नवंबर माह में हुई थी।
नई टिहरी जाखणीधार ब्लॉक के चौंड-जसपुर निवासी विनोद सिंह (33) ने भी कठुआ में हुए आतंकी हमले में अपना बलिदान दे दिया। ग्राम प्रधान कीर्ति सिंह कुमाई ने बताया कि वीर सिंह भंडारी, शशि देवी के पुत्र विनोद सिंह 10 वीं गढ़वाल राइफल में तैनात थे। वर्तमान में उनका परिवार भानियावाल देहरादून में रहता हैं। विनोद 2011 में सेना में भर्ती हुए थे। वह घर के इकलौते बेटे थे। विनोद का चार साल का बेटा और चार माह की बेटी है। डेढ़ माह पहले ही वह घर भानियावाला आए थे। गांव में यह सूचना मिलते ही कोहराम मच गया। विनोद सिंह के पिता वीर सिंह भंडारी पूर्व सैनिक है और वह तीन बहनों के इकलौता भाई थे।