जम्मू कश्मीर के नौशेरा में एलओसी पर फायरिंग में पति शहीद हो गए तो उनकी कुर्बानी पर पत्नी ने ऐसी बात कह दी, सुनकर सभी का सीना चौड़ा हो गया।
शुक्रवार सुबह एलओसी पर पाकिस्तान की ओर से सीजफायर उल्लंघन में पंजाब के होशियारपुर के हाजीपुर गांव का 35 वर्षीय बख्तावर सिंह शहीद हो गया। यहा खबर पहुंचते ही परिवार में कोहराम मच गया। पूरे गांव में मातम का माहौल छा गया। इस बीच पत्नी ने कहा कि उन्हें पति की शहादत पर गर्व है। वे देश पर कुर्बान हुए और वे उनकी बहादुरी को सलाम करती हैं।
सिर गर्व से ऊंचा कर जसवीर कौर ने सरकार से अपने लिए एक नौकरी की मांग की। उनकी मांग है कि केंद्र सरकार जम्मू कश्मीर क्षेत्र में अमन की बहाली के लिए या तो कोई स्थायी हल करे या पाकिस्तान की ओर से की जा रही नापाक हरकतों का मुंहतोड़ जवाब दें और आर पार की लड़ाई लड़ें, ताकि सीमा पर रोज शहीद होते जवानों के परिवारों को खून के आंसू न रोना पडे़।
शहीद के पिता प्रीतम सिंह को अपने बेटे की शहादत पर गर्व है। उन्होंने कहा कि वे बख्तावर के बच्चों को भी देश सेवा के लिए भेजेंगे, ताकि पिता के सपने को पूरा कर सकें। प्रीतम सिंह ने कहा कि अब मोदी सरकार को आरपार की लड़ाई करनी चाहिए। शहीद के जीजा पूर्व सैनिक गुरनाम सिंह ने कहा कि अब बहुत हो चुका। सरकार आरपार की लड़ाई लडे़ नहीं तो हम लोगों को ही बॉर्डर पर भेजें।
शहीद के पिता प्रीतम सिंह ने बताया कि उनके तीन बेटे हैं। दो बेटे फौज में हैं और एक अन्य काम करता है। बख्तावर उनका सबसे छोटा बेटा था, जो 2003 में फौज में भर्ती हुआ था। इस समय वह आठ-सिखलाई रेजीमेंट में राजौरी नौशेरा सेक्टर में हवलदार के पद पर तैनात था। 12 साल पहले ही बख्तावर की शादी हुई थी। वे अपने पीछे पत्नी और 3 बच्चे छोड़ गए हैं। 11 साल का बेटा, 9 साल की बेटी और सिर्फ नौ माह का बेटा।