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जेल में हनीप्रीत के करवा चौथ का व्रत रखने का असली सच आया सामने, जानिए
ब्यूरो/अमर उजाला, पंचकूला
Updated Tue, 10 Oct 2017 09:13 AM IST
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Honeypreet Insan Arrest
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पति से तलाक हो गया, फिर भी हनीप्रीत ने जेल में रहते हुए भी करवा चौथ का व्रत रखा। पानी पीती रही और दीवारें ताकती रही, जानिए इस व्रत का असली सच।
राम रहीम की 'लाड़ली' हनीप्रीत
हनीप्रीत को सवेरे नाश्ता दिया गया तो वह बोली नहीं खाना, उपवास है। उपवास का कारण पूछा गया तो हनीप्रीत ने बताया कि आज करवा चौथ है। बाबा राम रहीम के डेरा सच्चा सौदा में परंपरा रहीं कि करवा चौथ के दिन सभी साधु और साध्वियां पिताजी के लिए व्रत रखते हैं। इसी परंपरा का पालन करते हुए व्रत रखा है। बता दें कि व्रत निर्जला नहीं था, हनीप्रीत पानी पीती रही।
राम रहीम की 'लाड़ली' हनीप्रीत
सूत्रों के मुताबिक, जेल अधिकारियों ने हनीप्रीत की इस भावना का सम्मान किया और सामान पूछताछ की। वैसे सुबह से ही हनीप्रीत से पूछताछ के लिए अलग-अलग महिला अधिकारी पहुंचती रही। पूछताछ के दौरान जब भी फुर्सत मिली हनीप्रीत अतीत की यादों में चली जा रही थी। एक-दो बार वह भावुक भी हो गई, लेकिन खुद को संभाल लिया। रात में चांद निकलने के बाद उसने व्रत खोला।
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राम रहीम की 'लाड़ली' हनीप्रीत
बता दें कि डेरा सच्चा सौदा में एक दशक से भी अधिक समय से करवाचौथ मनाए जाने की परंपरा चली। व्रत रखने वालों में न केवल महिलाएं होती थीं, बल्कि पुरुष भी होते थे। कुंवारी युवतियां भी व्रत रखती थी। परंपरा के तहत शाम के समय मजलिस के दौरान करवा चौथ का कार्यक्रम आयोजित होता, जिसमें छलनी व चुन्नी में से राम रहीम को देखा जाता था।
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हनीप्रीत
- फोटो : SELF
कार्यक्रम में पहले डेरा प्रमुख इस पर्व का महत्व बताता और इसके बाद अनुयायी भजन-कीर्तन करते। कहा जाता है कि राम रहीम की खैरियत के लिए व्रत रख जाता है। अनुयायियों का मानना है कि कि जब डेरा प्रमुख उनके साथ है तो उन्हें किसी और चीज की क्या जरूरत है। कोई भी अनुयायी डेरा प्रमुख का दीदार किए बिना व्रत नहीं खोलता था। वहीं डेरा की ओर से साफ किया गया है कि सभी अपनी मर्जी से ऐसा करते हैं, इसके लिए कोई दबाव नहीं डाला जाता।