महाशिवरात्रि पर व्रत रखना है और भगवान भोले को खुश करना चाहते हैं तो पूजा करते समय इन नियमों का पालन करें, सभी मनोकामनाएं पूरी हो जाएंगी।
13 फरवरी दिन मंगलवार को महाशिवारात्रि व्रत है। शिवरात्रि फाल्गुन कृष्ण पक्ष में चतुर्दशी को मनाई जाती है। इस साल मंगलवार की रात 10 बजकर 35 मिनट पर चतुर्दशी तिथि का शुभारंभ होगा। 14 फरवरी की रात 12 बजकर 46 मिनट तक चतुर्दशी रहेगा। इसलिए महाशिवरात्रि का शुभ मुहूर्त 13 फरवरी की आधी रात से शुरू होकर 14 फरवरी तक रहेगा।
रात्रि पहले प्रहर पूजा का समय: शाम 18:05 से 21:20 तक। रात के दूसरा प्रहर में पूजा का समय : रात 21:20 से 00:35 तक। तीसरा प्रहर पूजा का समय = 00:35 से 03:49 तक। चौथा प्रहर पूजा का समय = 03:49 से 07:04 तक
काले रंग के कपड़े ना पहनें
महाशिवरात्रि का त्योहार शिवभक्तों के लिए बहुत महत्व रखता है। लेकिन भूलवश शिव जी को प्रसन्न के लिए ऐसी कुछ गलतियां कर देते हैं जिससे उनकी पूजा पूरी नहीं हो पाती है। पहली बात, शिवरात्रि के दिन भगवान शिव को यदि प्रसन्न करना चाहते हैं तो इस दिन काले रंग के कपड़े ना पहनें। कहा जाता है की भगवान शिव को काला रंग पसन्द नहीं है, जिसके कारण इस दिन काले कपड़े नहीं पहनने चाहिए।
ये सभी चीजें भूलकर भी न चढ़ाएं
भगवान शिव को सफेद फूल बहुत पसंद होता है, लेकिन केतकी का फूल सफेद होने के बावजूद भोलेनाथ की पूजा में नहीं चढ़ाना चाहिए। भगवान शिव की पूजा करते समय शंख से जल अर्पित नहीं करना चाहिए। भगवान शिव की पूजा में तुलसी का प्रयोग वर्जित माना गया है। शिव की पूजा में तिल नहीं चढ़ाया जाता है। तिल भगवान विष्णु के मैल से उत्पन्न हुआ माना जाता है, इसलिए भगवान विष्णु को तिल अर्पित किया जाता है लेकिन शिव जी को नहीं चढ़ता है।