फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

राम रहीम की बेटी ने खोले बाबा की 'लाड़ली' हनीप्रीत के कई राज, जानिए

Fri, 29 Sep 2017 09:06 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, सिरसा(हरियाणा)
ब्यूरो/अमर उजाला, सिरसा(हरियाणा) Updated Fri, 29 Sep 2017 09:06 AM IST
विज्ञापन
ram rahim daughter charanpreet kaur revealed truth of honeypreet insan
राम रहीम की हनीप्रीत
डेरा सच्चा सौदा प्रमुख राम रहीम की अपनी बेटी ने उनकी 'दुलारी' हनीप्रीत के कई राज खोले और बताया कि वह कहां छिपी हुई थी और कैसे दिया पुलिस को चकमा।
ram rahim daughter charanpreet kaur revealed truth of honeypreet insan
राम रहीम की हनीप्रीत
हनीप्रीत 20 सितंबर तक राजस्थान के श्रीगंगानगर जिले में स्थित गुरुसर मोडिया डेरे में थी। इसके बाद वह डेरामुखी के करीबी चालक राकेश भाई के साथ कहीं चली गई। यह खुलासा डेरामुखी की बेटी चरणप्रीत ने 20 सितंबर को गुरुसर मोडिया डेरे में पूछताछ के लिए पहुंची एसआईटी की टीम से किया था।
ram rahim daughter charanpreet kaur revealed truth of honeypreet insan
Honeypreet Insan - फोटो : File Photo
चरणप्रीत ने एसआईटी को यह भी बताया था कि उसने ही हनीप्रीत को डेरे में छिपने में मदद की थी। इसके बाद एसआईटी चरणप्रीत को गिरफ्तार करने लगी तो डेरामुखी के परिजनों ने उसे यह कहकर गिरफ्तार नहीं करने दिया कि वह जांच में मदद करेगी। बता दें कि 21 सितंबर को चरणप्रीत कौर अपने वकील के साथ एसआईटी से पंचकूला में मिली। इस दौरान चरणप्रीत से करीब तीन घंटे पूछताछ की।
विज्ञापन
विज्ञापन
ram rahim daughter charanpreet kaur revealed truth of honeypreet insan
Ram Rahim With Honeypreet Insan - फोटो : File Photo
सूत्रों के अनुसार, एसआईटी पंचकूला को पूछताछ में चरणप्रीत ने बताया कि 25 अगस्त देर रात हनीप्रीत रोहतक से सिरसा डेरा पहुंची थी। डेरा चेयरपर्सन विपसना ने उसे रोहतक से लाने के लिए गाड़ी भेजी थी। 28 अगस्त तक हनीप्रीत सिरसा डेरे में रही। 28 अगस्त को डेराप्रमुख का परिवार गुरुसर मोडिया डेरा चला गया और हनीप्रीत अपने भाई साहिल तनेजा की रिश्तेदारी में हनुमानगढ़ चली गई।
विज्ञापन
ram rahim daughter charanpreet kaur revealed truth of honeypreet insan
honeypreet - फोटो : अमर उजाला
चरणप्रीत कौर ने बताया कि 29 अगस्त को उसने हनीप्रीत को गुरुसर मोडिया लाने के लिए डेरामुखी के वफादार सेवादार चालक राकेश भाई को हनुमानगढ़ भेजा। राकेश के साथ डेरामुखी का भरोसेमंद सुरक्षा गार्ड भी गया था। दोनों हनीप्रीत को हनुमानगढ़ से गुरुसर मोडिया लेकर आए। तब से हनीप्रीत गुरुसर मोडिया में रह रही थी। और जब पुलिस उसे तलाशते हुए वहां पहुंची तो वह निकल गई।

 
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed