फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

अपने ही बच्चों ने कर दिया ये हाल, देखिए कलयुग के रिश्ते का सबसे भयानक सच

Fri, 31 Mar 2017 09:19 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Fri, 31 Mar 2017 09:19 AM IST
विज्ञापन
 property dispute Father Win Case
बुजुर्ग दंपत्ति
जिन बच्चों की परवरिश के लिए माता- पिता अपना पेट काट कर दिन रात सपने संजोते हैं। अगर वही बच्चे  मां- बाप की आंखों में आंसूओं की वजह बन जाये, तो इससे ज्यादा शर्मनाक कुछ भी नहीं। 
 property dispute Father Win Case
बुजुर्ग दंपत्ति
पूरी उम्र पेट काट कर जीने वाले बुजुर्ग दंपति ने अपनी जायदाद ये सोचकर अपने बच्चों के नाम कर दी कि वे बुढ़ापे में उनकी सेवा करेंगे। लेकिन जब ऐसा नहीं हुआ तो बुजुर्ग दंपती ने अपने ही बहू-बेटे के खिलाफ ही हाईकोर्ट में याचिका दी और घर उन्हें वापस देने की मांग करनी पड़ी । 80 वर्षीय बुजुर्ग जय सिंह ने सीनियर सिटीजन वेलफेयर एक्ट 2007 के तहत हाईकोर्ट में बीते साल याचिका दायर की थी।
 property dispute Father Win Case
बुढ़ापे में बच्चों ने किया किनारा
बुजुर्ग दंपत्ति ने तमाम प्रॉपर्टी अपने दो लड़कों के नाम कर दी थी, ताकि बुढ़ापे में बेटा-बहू सेवा करेंगे।  लेकिन प्रॉपर्टी मिलने के बाद बड़े बेटे सर्बजीत सिंह उसकी पत्नी ने मां-बाप की सेवा करनी बंद कर दी। उन्हें परेशान भी करने लगे। बहू ने अपाहिज सास को मानसिक तौर पर परेशान किया। 
 
विज्ञापन
विज्ञापन
 property dispute Father Win Case
बुढ़ापे में बच्चों ने किया किनारा
जिसके बाद कोर्ट ने मंगलवार को आदेश दिए कि 31 मार्च तक बड़े बेटे से घर खाली करा कब्जा बुजुर्ग को सौंप दिया जाए। पुलिस प्रशासन ने एक घंटे के भीतर कब्जा छुड़ाकर मकान की चाबी पिता को दिला दी। बुजुर्ग द‌ंपत्ति के बेटे सर्बजीत सिंह का कहना है कि अदालत की ओर से पिता की प्रॉपर्टी खाली कराने के निर्देश थे, जबकि उसका घर पिता के घर से अलग है और उसके नाम पर है। सर्बजीत ने आरोप लगाया कि प्रशासन ने अदालत के निर्देशों की उल्लंघना की है, जिसके खिलाफ वह अलग से केस दायर करेंगे।
 
विज्ञापन
 property dispute Father Win Case
बुढ़ापे में बच्चों ने किया किनारा
मामला यहीं नहीं थमा, कब्जे की कार्रवाई के दौरान मौके पर जमा हुए ग्रामीणों ने बेटे-बहू को माफ कर देने को कहा। पिता का कलेजा अपने बेटे के लिए पसीज गया, उन्होंने बेटे से गलती मानकर वापस घर आने को कहा। लेकिन बेटा-बहू तैयार नहीं हुए।
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed