{"_id":"595b38524f1c1b23418b463d","slug":"no-change-in-indian-railway-rules-from-1-july","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"एक जुलाई से रेलवे के 10 नियमों में बदलाव का असली सच आया सामने, देखिए","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एक जुलाई से रेलवे के 10 नियमों में बदलाव का असली सच आया सामने, देखिए
मोहित धुपड़/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Wed, 05 Jul 2017 09:12 AM IST
विज्ञापन
भारतीय रेलवे स्टेशन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
रेलवे ने एक जुलाई से 10 नियम बदल दिए हैं, लेकिन ऐसा कुछ भी नहीं हुआ है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे इस मैसेज का असली सच पता चला गया है।
रेलवे स्टेशन
वायरल मैसेज के मुताबिक, एक जुलाई से रेलवे की कई तरह की सुविधाओं में बदलाव को कर दिया है। इसके विपरीत रेलवे के अफसरों ने स्पष्ट किया है कि सोशल मीडिया पर वायरल मैसेज वास्तविकता से परे है। दिल्ली के एक वरिष्ठ रेलवे अफसर के अनुसार रेल सुविधाओं में अभी किसी तरह का कोई व्यापक बदलाव नहीं हुआ है। यात्री भ्रांतियों और अफवाहों पर विश्वास न करें।
रेलवे की बल्ले-बल्ले
- फोटो : File Photo
बता दें कि रेलवे ने बेटिकट यात्रियों के खिलाफ छेड़े अभियान के तहत पिछले एक साल में 950 करोड़ रुपये की कमाई की है। यह कमाई अपने आप में एक रिकार्ड है। इससे रेलवे को खासा राजस्व लाभ हुआ है। इसके अलावा भी पिछले एक साल में रेलवे को अन्य संसाधनों की वजह से भी बढ़िया कमाई हुई है। इसका खुलासा रेलवे की वित्तीय रिपोर्ट में हुआ है।
विज्ञापन
विज्ञापन
railway station
- फोटो : अमर उजाला
वित्तीय रिपोर्ट के मुताबिक पिछले एक साल में टिकट जांच अभियान चलाकर बिना टिकट यात्रा करने के 9.75 लाख मामले सामने आए। ऐसे मामलों में बेटिकट यात्रा करते पकड़े गए यात्रियों से 950 करोड़ रुपये वसूल किए गए, जो गत वर्ष की तुलना से 58 करोड़ रुपये अधिक है। विभाग की ओर से इस साल भी इस कमाई को और ज्यादा किए जाने का लक्ष्य रखा गया है।
विज्ञापन
रेलवे स्टेशन
रिपोर्ट बताती है कि साल 2015-16 में 8151 मिलियन यात्रियों की तुलना में वर्ष 2016-17 में कुल 8221 मिलियन यात्रियों ने रेल यात्रा की। इसके चलते रेलवे को 47,400 करोड़ रुपये की आय हुई है, जोकि पिछले वर्ष से दो हजार करोड़ रुपये अधिक है। रिपोर्ट में विभाग की ओर से दावा किया गया है कि यह अब तक की सबसे बड़ी आय है।