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देखिए भगवान शिव का 550 साल पुराना मंदिर, यहां स्वयं प्रकट हुआ था शिवलिंग, खाली नहीं जाती मुराद

Mon, 04 Mar 2019 12:37 PM IST
खुशबू गोयल सुदेश तनेजा/अमर उजाला, राजपुरा(पंजाब)
सुदेश तनेजा/अमर उजाला, राजपुरा(पंजाब) Published by: खुशबू गोयल Updated Mon, 04 Mar 2019 12:37 PM IST
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Maha shivaratri 2019, unique temple, nalas shiv temple in rajpura of punjab
शिव मंदिर
महाशिवरात्रि के मौके पर देखिए, भगवान भोलेनाथ का 550 साल पुराना एक मंदिर, जहां शिवलिंग खुद प्रकट हुआ था। वहीं माना जाता है कि यहां आकर मांगी गई कोई भी मुराद खाली नहीं जाती।
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शिव मंदिर
हम बात कर रहे हैं पंजाब के राजपुरा का प्राचीन शिव मंदिर नलास की। यहां हर साल महाशिवरात्रि पर तीन दिवसीय मेला लगता है और इस मेले में लाखों लोग मन्नत मांगने के लिए आते हैं। राजपुरा से करीब आठ किलोमीटर दूर बसे गांव नलास में बना यह शिव मंदिर 550 वर्ष पुराना प्राचीन है।
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शिव मंदिर
मान्यता है कि यहां स्वयं शिवलिंग प्रकट हुआ था। किवंदती है कि गांव नलास में एक गुज्जर के पास कपिला गाय थी। वह जंगल में चरने जाती और घर वापस आने से पहले एक झाड़ी के पीछे जाने से उसका दूध अपने आप बहना शुरू हो जाता था। वह थन खाली होने के बाद ही वापस घर आती। एक दिन गाय के मालिक गुज्जर ने क्रोध में आकर उस झाड़ी की खुदाई आरंभ कर दी।
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शिव मंदिर
खुदाई करते समय वहां एक कस्सी के प्रहार से खून की धारा बह निकली, और खुदाई करने पर वहां शिवलिंग निकला। कहा जाता है कि उस समय वट वृक्ष के नीचे स्वामी कर्मगिरी तपस्या कर रहे थे। उनकी तपस्या भंग हो गई तो उन्होंने उस वक्त के महाराजा पटियाला कर्म सिंह को सारी बात बताकर खुदाई करवाई तो शिवलिंग प्रकट हुआ। संवत 1592 में महाराजा पटियाला ने यहां मंदिर बनवाया व कर्मगिरी को मंदिर का महंत नियुक्त किया गया।
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शिव मंदिर
मंदिर में 140 फीट उंचा त्रिशूल स्थापित
मंदिर के प्रांगण में 140 फीट ऊंचा त्रिशूल स्थापित किया गया है। मंदिर के मुख्य सेवादार महंत इंद्र गिरी महाराज व महंत लाल गिरी महाराज ने बताया कि शुद्ध स्टील से बने इस त्रिशूल को स्थापित करने के लिए क्रेन की मदद ली गई। इसी स्थान पर भगवान शिव की 108 फीट ऊंची प्रतिमा स्थापित है। उन्होंने बताया कि मंदिर प्रांगण में लगे 500 वर्ष पुराने बोहड़ के वृक्ष पर जो भी शिव भक्त लाल धागा (मौली) बांधकर मन्नत मानता है तो भोले बाबा उसकी इच्छा अवश्य पूरी करते हैं।
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