क्रिकेट के भगवान मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर आज 44 साल के हो गए हैं और चंडीगढ़ से उनका बेहद खास कनेक्शन है। जानिए आखिर कैसे?
सचिन तेंदुलकर ने चंडीगढ़ के सेक्टर 16 स्थित स्टेडियम में अपना पहला टेस्ट खेला था, वो भी 17 साल की उम्र में। हालांकि सचिन ने पहला इंटरनेशनल टेस्ट मैच पाकिस्तान के खिलाफ कराची में खेला था, लेकिन भारतीय जमीन पर उन्होंने अपना पहला टेस्ट 17 साल की उम्र में चंडीगढ़ में खेला था। यह टेस्ट 1990 में श्रीलंका और इंडिया के बीच 23 से 27 नबंवर तक खेला गया था।
इस टेस्ट में तेंडुलकर 6वें नंबर पर बैटिंग करने आए थे और मात्र 11 रन बनाकर आउट हो गए थे, लेकिन इंडिया ने यह मैच एक पारी और 8 रन से जीत लिया था। चंडीगढ़ का सेक्टर 16 स्टेडियम मोहाली के पंजाब क्रिकेट एसोसिएशन स्टेडियम से पहले शहर का अपना होम ग्राउंड था। यहां अंतिम वन-डे मैच 1992-93 में खेला गया था। इसमें भारत ने इंग्लैंड को पांच विकेट से हराया था।
बता दें कि सचिन ने अपना 39वां बर्थ-डे भी चंडीगढ़ में ही सेलिब्रेट किया था। चंडीगढ़ के जिस होटल में टीम रूकी थी, वहां पत्नी अंजली और खिलाड़ी साथियों के साथ सचिन ने केक काट बर्थ-डे सेलिब्रेट किया था। सचिन ने बर्थ-डे को लेकर कोई प्लानिंग नहीं की थी, क्योंकि दूसरे दिन मुंबई इंडियंस टीम का किंग्स इलेवन पंजाब के साथ मैच था।
जान लिजिए, भारत रत्न सचिन रमेश तेंदुलकर का जन्म 24 अप्रैल 1973 को राजापुर के एक मराठी ब्राह्मण परिवार में हुआ। इनके पिता का नाम रमेश तेंदुलकर था और मां का नाम रजनी। पिता ने सचिन का नाम अपने प्रिय संगीतकार सचिन देव बर्मन के नाम पर रखा था। सचिन ने अपनी शिक्षा मुंबई के शारदाश्रम विश्वविद्यालय में की। इनके भाई अजित तेंदुलकर ने इनकी प्रतिभा को जानकर बचपन से ही इन्हें क्रिकेट की बारीकियां सिखाई।