एक शख्स ने पहले 14 साल की दिव्यांग बेटी को मौत दी और उसके बाद खुद भी फंदे पर झूल गया। बाप बेटी की मौत की तस्वीरें झकझोर देंगी आपको।
घटना पंजाब के लुधियाना की है। जगरांव में शनिवार को पिता ने अपनी मानसिक दिव्यांग बेटी को फांसी देकर मार दिया और फिर खुद भी फंदा लगा लिया। पिता-पुत्री के शव करीब चार घंटे तक लटकते रहे। घटना के वक्त घर में कोई और मौजूद नहीं था। वारदात का खुलासा तब हुआ, जब मृतक की बीवी अंजू नौकरी से वापिस लौटी।
अंजू जब घर आई तो उसने पति मुकेश और बेटी पलक को घर में नहीं पाया। उसने फोन करके देवर को बुला लिया और दोनों मिलकर उन्हें ढूंढने लगे, इस बीच अंजू ने पलक को तीसरी मंजिल पर रस्सी से लटके हुए पाया। यह देखकर उसकी चीख निकल गई। वे दौड़कर मंजिल पर पहुंचे तो कमरा अंदर से बंद था और दरवाजा तोड़ा तो अंदर मुकेश का शव भी रस्सी से झूल रहा था।
सूचना तुरंत पुलिस को दी गई। खबर मिलते ही एसपी गुरदीप सिंह, डीएसपी कंवरपाल सिंह के नेतृत्व में पुलिस फोर्स मौके पर पहुंची। करीब तीन चार घंटे तक दोनों के शव फंदे से लटके रहे। मृतक की पत्नी अंजू ने बताया कि वह सरकारी टीचर है और उसका पति मुकेश कुमार की कपड़े की दुकान है। उसके एक बेटा सौरव और बेटी पलक है। पलक मानसिक रूप से दिव्यांग थी।
अंजू ने बताया कि कुछ समय से मुकेश बिजनेस में मंदी के कारण परेशान चल रहा था। वहीं पुलिस के मुताबिक मुकेश बेटी पलक को तीसरी मंजिल पर ले गया और वहां बरामदे की एक साइड में बने बाथरूम एवं कमरे के बीच से जा रहे गार्डर से फांसी लगाकर मार दिया। पलक की मौत होने के बाद मुकेश ने कमरे में जाकर खुद को पंखे से रस्सी बांध कर सुसाइड कर लिया।