ADR की रिपोर्ट ने साफ कर दिया है कि सबसे अमीर पार्टी भाजपा नहीं बल्कि कोई और है, आम आदमी पार्टी की कमाई भी देखिए
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Punjab Election
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दरअसल, पंजाब की सियासी पार्टियों में आय के मामले में कांग्रेस सबसे आगे है। जबकि, भाजपा दूसरे स्थान पर है। यह खुलासा एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स द्वारा जुटाई जानकारी केआधार पर हुआ है। एडीआर ने 2004-05 से लेकर 2014-15 के दौरान पंजाब की सियासी पार्टियों को हुई फंडिंग का ब्यौरा खंगाला है।
11 सालों के दौरान कांग्रेस की आय 3982.09 करोड़ रही। जोकि इस अवधि के दौरान सभी पार्टियों की आय का 41.96 फीसदी है। 3272.63 करोड़ आय के साथ भाजपा दूसरे स्थान पर रही, जोकि कुल आठ पार्टियों की आय का 34.48 प्रतिशत है। शिरोमणि अकाली दल की आय 101.81 करोड़ रही। आम आदमी पार्टी का रजिस्ट्रेशन 2013 में हुआ।
आम आदमी पार्टी ने अगले दो सालों के दौरान 110.06 करोड़ की आय दिखाई है। छह राष्ट्रीय पार्टियों को बीस हजार से ज्यादा के चंदे के रूप में 1405.19 करोड़ मिले। दो क्षेत्रीय पार्टियों को 58.55 करोड़ प्राप्त हुए। बीस हजार से ज्यादा केचंदे की घोषणा के मामले में भाजपा पहले स्थान पर रही। भाजपा ने 917.86 करोड़ चंदा घोषित किया, जबकि कांग्रेस ने इस अवधि के दौरान 400.32 करोड़ घोषित किया।
अकाली दल ने 13.10 करोड़, आप ने दो सालों में 45.45 करोड़ आय घोषित की। बीएसपी ने घोषित किया कि पिछले 11 सालों में पार्टी को बीस हजार से ज्यादा का कोई चंदा नहीं मिला। पार्टियों को सिर्फ 15.42 प्रतिशत आय ही ज्ञान दानियों से हुई। 13.31 फीसदी आय संपत्तियां बेचने, मेंबरशिप फीस, ब्याज, पत्रिकाएं बेचने आदि से हुई। 71.27 फीसदी आय अज्ञात सोर्स से हुई।