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जब हाईजैक हुआ था प्लेन, भारतीय बेटी ने बचाई थी 360 जानें

Tue, 06 Sep 2016 09:49 AM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, चंडीगढ़
टीम डिजिटल/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Tue, 06 Sep 2016 09:49 AM IST
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brave daughter of india neerja bhanot story and Pan Am 73 plane highjecking incident
5 सितंबर को हाईजेक हुआ प्लेन और नीरजा भनोट
30 साल पहले आज ही के दिन एक प्लेन हाइजेक हुआ था, जिसमें सवार भारतीय बेटी ने अपनी जान देकर 360 जानें बचाई थीं। पढ़ें क्या हुआ था?
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5 सितंबर को हाईजेक हुआ प्लेन और नीरजा भनोट
ये कहानी है उस बहादुर बेटी की, जिसकी मौत पर पाकिस्तान ने भी आंसू बहाए थे। भारत ने सर्वोच्च नागरिक सम्मान अशोक चक्र दिया था, पाक ने तमगा-ए-इन्सानियत। भारत ने उनके नाम पर डाक टिकट भी जारी किया था। मोगा के गांव घलकलां के देशभगत पार्क में उसका एकमात्र स्टेच्यू स्थापित किया गया है। वहीं पर 16 फुट लंबा जहाज बनाया गया है और उस बहादुर बेटी की शहादत को सारी दुनिया सलाम करती है। आप समझ ही गए होंगे, बात हो रही है शहीद नीरजा भनोट की।
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5 सितंबर को हाईजेक हुआ प्लेन और नीरजा भनोट
नीरजा भनोट को उसके जन्मदिन से दो दिन पहले हाइजेक हुए प्लेन में आतंकियों ने गोली मार दी थी। दम तोड़ने से पहले इस बेटी ने 360 लोगों की जानें बचाई थी। 17 घंटे तक वह आतंकियों से जूझती रही। Pan Am 73 एयरलाइंस का प्लेन आज ही के दिन, 5 सितंबर 1986 को पाकिस्तान के कराची एयरपोर्ट पर हथियार बंद 4 आतंकवादियों हाईजैक कर लिया था। आतंकवादी प्लेन को 9/11 की तरह इजराइल में किसी निर्धारित जगह पर क्रैश कराना चाहते थे।
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5 सितंबर को हाईजेक हुआ प्लेन और नीरजा भनोट
लेकिन प्लेन में मौजूद फ्लाइट अटेंडेंट नीरजा भनोट ने ऐसा नहीं होने दिया। उसने हिम्मत दिखाते हुए लोगों को बचा लिया, पर अपनी जान गंवा दी। चंडीगढ़ में 7 सितंबर 1964 को जन्मी नीरजा का बचपन मुम्बई में बीता। स्कूली शिक्षा बॉम्बे स्कॉटिश स्कूल से हुई और सेंट जेवियर्स कॉलेज से ग्रेजुएशन की डिग्री ली। नीरजा को बचपन से ही प्लेन में बैठने और आकाश में उड़ने की इच्छा थी। नीरजा भनोट की शादी 1985 में हो गई थी, लेकिन दहेज के दबाव के कारण उनके रिश्तों में खटास आ गई। वे शादी के दो महीने बाद ही मुम्बई लौट आई थीं।
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5 सितंबर को हाईजेक हुआ प्लेन और नीरजा भनोट
1986 में मॉडल के रूप में उन्होंने कई TV और प्रिंट ऐड करना शुरू कर दिए थे। शौक को पूरा करने के मकसद से नीरजा ने बाद में एयरलाइंस ज्वाइन कर ली। नीरजा ने इसकी विशेष ट्रेनिंग ली कि हाईजैक के दौरान क्या करना चाहिए? तब मां ने जो कहा, उसे भी नहीं माना था नीरजा ने, ब‌ल्कि जवाब दिया था। नीरजा के इरादे स्पष्ट थे। 5 सितंबर को अमेरिकी एयरवेज का विमान पैन एम73, करीब  380 यात्री लेकर पाकिस्तान के करांची हवाई अड्डे पर पायलट का इंतजार कर रहा था। अचानक उसमें चार हथियारबंद आतंकवादी घुस गए और सभी यात्रियों को गन प्वांइट पर ले लिया।
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