राष्ट्रीय लोक मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष पूर्व केंद्रीय मंत्री सह काराकाट लोकसभा से एनडीए प्रत्याशी उपेंद्र कुशवाहा ने बार-बार दल बदलने और इस्तीफा देने के मामले पर विपक्ष के सवाल का जवाब दिया है। उन्होंने कहा कि औरों (अन्य लोगों) के दल बदलने और इस्तीफा देने तथा उपेंद्र कुशवाहा के दल बदलने और इस्तीफा देने में फर्क है। और लोगों ने सत्ता और कुर्सी पाने के लिए दल बदला है, लेकिन उपेंद्र कुशवाहा ने सत्ता और कुर्सी को छोड़कर सड़क पर संघर्ष करने के लिए दल बदला और इस्तीफा दिया। इसलिए उनके दल बदलने और उपेंद्र कुशवाहा के दल बदलने और इस्तीफा देने में काफी फर्क है।
LS Polls: उपेंद्र कुशवाहा बोले- जब दल बदला तो कुर्सी छोड़ सड़क पर संघर्ष किया, शाह पर विवादित बयान पर यह कहा
LS Polls: उपेंद्र कुशवाहा बोले- जब दल बदला तो कुर्सी छोड़ सड़क पर संघर्ष किया, शाह पर विवादित बयान पर यह कहा
LS Polls: Upendra Kushwaha reply on changing party issue, reacts on controversial statement on Amit Shah
कुशवाहा ने अधूरे विकास कार्यों को पूरा करने का किया ऐलान
उपेंद्र कुशवाहा ने कहा कि 2014 के लोकसभा चुनाव में काराकाट की जनता ने मुझे अपार आशीर्वाद देते हुए यहां से जीत दिलाई थी। उसके बाद मैं केंद्र में केंद्रीय राज्य मंत्री बना। उस समय काराकाट लोकसभा क्षेत्र में जो भी अधूरे विकास के कार्य रह गए थे। उसको पूरा करना ही मेरा प्रथम लक्ष्य है। उन्होंने डालमियानगर कारखाने का जिक्र करते हुए कहा कि डालमियानगर में रेल बोगी और कपलर कारखाना खोलने की लगभग प्रक्रिया पूरी हो चुकी थी। लेकिन समय से पूर्व इस्तीफा देने के कारण वे कार्य अधूरे रह गए। इसके अलावा काराकाट लोक सभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले रोहतास जिले में केंद्रीय विद्यालय खोलने का कार्य भी अधूरा रह गया है। जिन्हें 2024 में चुनाव जीतने के बाद पूरा करते हुए डालमियानगर कारखाने की चिमनी से धुआं निकालना और केंद्रीय विद्यालय खोलना ही मेरा प्रथम लक्ष्य है।
उपेंद्र कुशवाहा ने काराकाट लोकसभा क्षेत्र से 10 मई को अपना नामांकन पर्चा दाखिल करने का ऐलान किया है। उपेंद्र कुशवाहा ने आम लोगों से नामांकन और सासाराम रेल मैदान में होने वाले कार्यक्रम में शामिल होने की अपील की है।
मुकेश सहनी द्वारा गृहमंत्री अमित शाह पर दिए गए विवादित बयान पर दी यह प्रतिक्रिया
रोहतास जिले के अकोढ़ी गोला प्रखंड अंतर्गत बांक स्थित भाजपा के वरिष्ठ नेता राजू गुप्ता की राईस मिल पर एनडीए कार्यकर्ताओं की एक बैठक आयोजित की गई थी। जहां राष्ट्रीय लोक मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष उपेंद्र कुशवाहा ने एनडीए कार्यकर्ताओं को संबोधित किया। यहां उपेंद्र कुशवाहा ने 2024 के लोकसभा चुनाव में एनडीए को जीत दिलाने को लेकर रणनीति बनाई।
वहीं, इस दौरान उपेंद्र कुशवाहा ने वीआईपी प्रमुख मुकेश सहनी द्वारा गृहमंत्री अमित शाह पर दिए गए विवादित बयान पर प्रतिक्रिया जाहिर की है। कुशवाहा ने सहनी पर पलटवार कर कहा कि उनके पास न कोई शब्द है और न ही ट्रेनिंग है। जो शब्द मन में आ जाता है, लोग बोल देते हैं। लेकिन तथ्यों के आधार पर कोई टिप्पणी की जाए तो वह मुनासिब है। अमित शाह भारत के गृहमंत्री हैं और उनके खिलाफ ऐसी अभद्र टिप्पणी की जाए तो ये ओछी हरक्कत है।
उपेंद्र कुशवाहा ने कहा कि अमित शाह जी ने जो कहा है, उनकी बातों की अगर आलोचना करनी है तो तथ्यों के आधार पर करनी चाहिए। वहीं, गृह विभाग द्वारा मुकेश सहनी की वाई प्लस सुरक्षा हटाने के सवाल पर उपेंद्र कुशवाहा बचते दिखे। उन्होंने कहा कि इसकी मुझे कोई जानकारी नहीं है। जानकारी लेने के बाद जवाब दे पाएंगे।
उपेंद्र कुशवाहा ने कहा कि पक्ष के नेता हों या विपक्ष के नेता हों, चुनाव हो या नहीं चुनाव हो, शब्दों को मर्यादित रूप में लोगों के बीच रखना चाहिए। तथ्यों के आधार पर जो आलोचना करनी हो, वह आलोचना कीजिए। अमर्यादित शब्दों का प्रयोग करके कोई बयानबाजी नहीं करनी चाहिए।
‘विपक्ष द्वारा फैलाया जा रहा है अफवाह’
वहीं, उपेंद्र कुशवाहा ने जनता से अपील करते हुए कहा कि विपक्ष द्वारा तरह-तरह की अफवाह फैलाई जा रही हैं। इसलिए अफवाहों पर बिल्कुल ध्यान देने की जरूरत नहीं है। हर एक चुनाव में विपक्षियों द्वारा अफवाह फैलाई जाती है, लेकिन एनडीए के कार्यकर्ता उन अफवाहों का जवाब देने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं। और विपक्ष की अफवाहों से एनडीए को कोई नुकसान नहीं होने जा रहा है।