गुर्जर आंदोलन होगा खत्म, आज 5 फीसदी आरक्षण का ऐलान कर सकती है सरकार
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- 10 फीसदी गरीबों के आरक्षण के साथ 5 फीसदी गुर्जर आरक्षण का संकल्प पत्र पारित होगा।
- आंदोलन के कारण 20 ट्रेनें रद्द, आज जयपुर-ओखा एक्सप्रेस भी कैंसिल।
- रणथंभौर में 50 फीसदी गिरा पर्यटन, आरयू में 13-16 फरवरी तक की परीक्षाएं स्थगित।
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विस्तार
गुर्जर आंदोलन लगातार छठे दिन भी जारी है। 5 फीसदी आरक्षण के लिए हो रहे इस आंदोलन का असर पहले तो केवल रेलवे की पटरी पर ही दिख रहा था लेकिन अब हाईवे तक भी पहुंच गया है। वहीं दूसरी ओर इस आंदोलन को खत्म करने के लिए राज्य सरकार मंगलवार को दिनभर बैठकें करती रही। अब माना जा रहा है कि आंदोलन को लेकर सरकार बुधवार को विधानसभा में बड़ा ऐलान कर सकती है।
जानकारी के मुताबिक इस दिन आर्थिक रूप से गरीब वर्ग के लिए 10 फीसदी आरक्षण के साथ 5 फीसदी गुर्जर आरक्षण देने का संकल्प पत्र पारित किया जा सकता है। इसी मसौदे को लेकर आईएएस नीरज के. पवन ने सवाई माधोपुर में गुर्जर आरक्षण संघर्ष समिति के संयोजक कर्नल किरोड़ी सिंह बैंसला से मुलाकात की है। इस पर देर रात तक चर्चा की गई।
गरीबों के आरक्षण का कानून केंद्र सरकार तो पहले ही पारित कर चुकी है लेकिन प्रदेश सरकार ने उसे अभी तक पारित नहीं किया है। अब सरकार इस आरक्षण के साथ ही गुर्जरों को 5 फीसदी आरक्षण देने का मसौदा तैयार कर सकती है। गुर्जरों से बातचीत के लिए सरकार ने तीन मंत्रियों की कमेटी भी बनाई हुई है। लेकिन आंदोलनकारियों की मांग है कि आरक्षण के लिए नोटिफिकेशन जारी हो।
आरक्षण व मसौदे पर चर्चा के लिए पहले सीएमओ में बैठक हुई, इसके बाद कोर कमेटी की बैठक बुलाई गई फिर शाम को मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की अध्यक्षता में कैबिनेट की बैठक हुई। इस मामले पर यूडीएच व संसदीय कार्यमंत्री शांति धारीवाल का कहना है कि सरकार ने घोषणापत्र में लिखा है कि गुर्जरों को कानून बनाकर 5 फीसदी आरक्षण देने का काम किया जाएगा।
रोडवेज को 40 लाख का नुकसान
इस आंदोलन के चलते बीते दो दिनों में ही रोडवेज को 40 लाख रुपये का नुकसान हो चुका है। दो दिन से चार मार्गों पर रोडवेज की 240 से अधिक बसों का संचालन नहीं हो रहा है। चार लाख से अधिक लोग बसों का संचालन न होने से प्रभावित हुए हैं। इसके अलावा पर्यटन पर भी इसका काफी बुरा असर हुआ है। रेल और सड़क मार्ग बाधित होने के कारण पर्यटन तेजी से गिरा है। मंगलवार तक पर्यटकों की संख्या 50 फीसदी तक कम हुई है।