फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Baba Mahakal to Process Through Ujjain Six Times From Ashwin to Margashirsha; Shami Pujan on Vijayadashami

उज्जैन: अश्विन से मार्गशीर्ष तक छह बार नगर भ्रमण पर निकलेंगे बाबा महाकाल, विजयादशमी पर दशहरा मैदान पहुंचेंगे

Mon, 05 Oct 2026 04:44 PM IST
उज्जैन ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उज्जैन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उज्जैन Published by: उज्जैन ब्यूरो Updated Mon, 05 Oct 2026 04:44 PM IST
सार

उज्जैन में अश्विन से मार्गशीर्ष तक भगवान महाकाल छह बार चांदी की पालकी में नगर भ्रमण करेंगे। विजयादशमी पर दशहरा मैदान में शमी पूजन और वैकुंठ चतुर्दशी पर गोपाल मंदिर में हरि-हर मिलन होगा। कार्तिक-अगहन की सवारियों में महाकाल शिप्रा तट पर तीर्थपूजन की परंपरा भी निभाएंगे। 

विज्ञापन
Baba Mahakal to Process Through Ujjain Six Times From Ashwin to Margashirsha; Shami Pujan on Vijayadashami
महाकाल की कार्तिक और अगहन की सवारियां - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

ज्योतिर्लिंग महाकाल मंदिर की समृद्ध पूजन परंपरा में आने वाले तीन माह विशेष होंगे। अश्विन से मार्गशीर्ष तक भगवान महाकाल छह बार चांदी की पालकी में सवार होकर नगर भ्रमण पर निकलेंगे। विजयादशमी पर अवंतिकानाथ राजा के रूप में दशहरा मैदान पहुंचकर शमी वृक्ष का पूजन करेंगे, जबकि वैकुंठ चतुर्दशी पर श्रीहरि विष्णु से मिलने गोपाल मंदिर जाएंगे। कार्तिक-अगहन मास में निकलने वाली सवारियों में भगवान महाकाल शिप्रा तट पर तीर्थपूजन की परंपरा भी निभाएंगे।

विज्ञापन


महाकाल मंदिर की पूजन परंपरा में श्रावण-भाद्रपद की सवारियां सर्वाधिक प्रसिद्ध हैं, लेकिन भगवान महाकाल का नगर भ्रमण केवल इन दो महीनों तक सीमित नहीं है। विजयादशमी, कार्तिक और अगहन मास में भी विशेष पर्वों के अवसर पर सवारी निकलती है। इस बार अश्विन से मार्गशीर्ष तक इन परंपराओं के छह अवसर आएंगे। इनमें 20 अक्टूबर की दशहरा की सवारी विशेष होगी, क्योंकि इसी दिन भगवान महाकाल साल में एक बार फ्रीगंज क्षेत्र में प्रवेश कर दशहरा मैदान पहुंचेंगे।
विज्ञापन


महाकाल उज्जैन के राजा, इसलिए निभाते हैं विजय की परंपरा
विजयादशमी पर भगवान महाकाल की सवारी राजसी परंपरा का प्रतीक मानी जाती है। दशहरा मैदान पहुंचकर अवंतिकानाथ शमी वृक्ष का पूजन करेंगे। भारतीय परंपरा में शमी को विजय, शक्ति और मंगल का प्रतीक माना गया है। महाकाल को उज्जैन का अधिपति और राजा मानने की परंपरा में विजयादशमी का यह पूजन राजधर्म और लोकमंगल की भावना से जुड़ा है।
विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें- कूनो में चीतों की नई पीढ़ी की किलकारी, 5 नन्हे शावकों का जन्म; देश में चीतों की संख्या बढ़कर हुई 60

वैकुंठ चतुर्दशी पर होगा हरि-हर मिलन
कार्तिक मास की सवारी का सबसे महत्वपूर्ण प्रसंग वैकुंठ चतुर्दशी का होगा। 23 नवंबर की रात भगवान महाकाल की सवारी गोपाल मंदिर पहुंचेगी, जहां रात 12 बजे हरि-हर मिलन की परंपरा निभाई जाएगी। मान्यता है देवशयनी एकादशी पर भगवान विष्णु शिव को सृष्टि का भार सौंपकर राजा बलि के यहां पाताल लोक चले जाते हैं। देवप्रबोधिनी एकादशी पर भगवान विष्णु के योगनिद्रा से जागने और वैकुंठ आगमन के बाद वैकुंठ चतुर्दशी पर भगवान महाकाल श्रीहरि विष्णु को सृष्टि का भार सौंपने जाते हैं। गोपाल मंदिर में हरि हर मिलन इसी धर्म प्रसंग को जीवंत करता है।


कार्तिक-अगहन में शिप्रा तट पर तीर्थपूजन
सनातन धर्म परंपरा में कार्तिक-अगहन मास को स्नान, दान और तीर्थपूजन के लिए विशेष मास माना गया है। कार्तिक और अगहन मास में भगवान महाकाल की सवारियां तीर्थपूजन की इसी परंपरा से भी जुड़ी हैं। भगवान महाकाल उज्जैन के राजा हैं, इसलिए वें स्वयं तीर्थ पूजन के लिए शिप्रा तट पहुंचते हैं और प्रजाजनों के साथ तीर्थ का पूजन करते हैं।

ये भी पढ़ें- दशमी पर भस्म से सजे बाबा महाकाल, भांग से बनाया चंद्रमा और ॐ; दिव्य स्वरूप के दर्शन को उमड़े श्रद्धालु

कार्तिक-अगहन में सवारी कब-कब
कार्तिक मास की पहली सवारी : 16 नवंबर 2026
कार्तिक मास की दूसरी सवारी : 23 नवंबर 2026
वैकुंठ चतुर्दशी : 23 नवंबर की रात 11 बजे हरि-हर मिलन की सवारी
मार्गशीर्ष (अगहन) मास की पहली सवारी : 30 नवंबर 2026
मार्गशीर्ष (अगहन) मास की दूसरी सवारी : 7 दिसंबर 2026

सांझी विसर्जित करने जाएंगे महेश
भगवान महाकाल की सवारियों से पहले 12 अक्टूबर को अश्विन शुक्ल द्वितीया पर उमा माता की सवारी निकलेगी। उमा माता चांदी की पालकी में सवार होकर रामघाट पहुंचेंगी और उमा सांझी उत्सव के समापन पर शिप्रा में सांझी का विसर्जन होगा। मंदिर की परंपरा में माता पार्वती की यह सवारी वर्ष में केवल एक बार निकलती है। इस सवारी में भी भगवान नंदी पर मनमहेश रूप में सवार होकर नगर भ्रमण करते हैं।

 

 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed