उज्जैन में सीवरेज चेंबर में बड़ा हादसा: सफाई के दौरान जहरीली गैस हुई लीक, एक सफाईकर्मी की मौत, दो गंभीर
एडिशनल एसपी आलोक शर्मा ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस और रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंच गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक प्रदीप शर्मा भी घटनास्थल पर पहुंचे और रेस्क्यू अभियान की निगरानी की।
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उज्जैन के पीपली नाका क्षेत्र में सीवरेज चेंबर की सफाई के दौरान बड़ा हादसा हो गया। सुरक्षा उपकरणों के बिना करीब 25 फीट गहरे चेंबर में उतरे तीन सफाईकर्मी जहरीली गैस की चपेट में आ गए। हादसे में एक कर्मचारी की मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हैं। घटना सरस्वती स्कूल के पास की बताई जा रही है।
जानकारी के अनुसार टाटा कंपनी के तहत कार्यरत तीन कर्मचारी सीवरेज चेंबर की सफाई के लिए बिना गैस मास्क और अन्य सुरक्षा उपकरणों के नीचे उतरे थे। सफाई के दौरान उनका संतुलन बिगड़ गया और तीनों चेंबर में गिर पड़े। चेंबर में मौजूद जहरीली गैस के कारण तीनों बेहोश हो गए।
घटना में सफाईकर्मी अशोक मिश्रा की उपचार के दौरान मौत हो गई। वहीं गोपाल और रमेश गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों को उपचार के लिए चरक अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी हालत नाजुक बनी हुई है।
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एडिशनल एसपी आलोक शर्मा ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस और रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंच गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक प्रदीप शर्मा भी घटनास्थल पर पहुंचे और रेस्क्यू अभियान की निगरानी की। पुलिस और बचाव दल ने कड़ी मशक्कत के बाद तीनों कर्मचारियों को चेंबर से बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया।
घटना के बाद सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। प्रत्यक्षदर्शियों का आरोप है कि कर्मचारियों को गैस मास्क, सेफ्टी बेल्ट, रस्सी और अन्य जरूरी सुरक्षा उपकरण उपलब्ध नहीं कराए गए थे। स्थानीय लोगों का कहना है कि सिंहस्थ से जुड़े निर्माण कार्यों में सुरक्षा मानकों की अनदेखी पहले भी कई हादसों की वजह बन चुकी है।
पुलिस ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि यदि जांच में कंपनी की लापरवाही सामने आती है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। स्थानीय लोगों और पार्षद हेमंत गहलोत की तत्परता से समय पर पुलिस को सूचना मिली, जिससे रेस्क्यू अभियान तुरंत शुरू हो सका। लोगों का कहना है कि यदि बचाव कार्य में देरी होती तो दोनों घायल कर्मचारियों की जान बचाना मुश्किल हो सकता था।
