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पेट्रोल पम्प पर काम करने वाले का बेटा बना आईएएस अधिकारी, नाम प्रदीप सिंह
Tue, 04 Aug 2020 07:36 PM IST
मुकेश कुमार झा
पीटीआई, इंदौर
पीटीआई, इंदौर
Published by: मुकेश कुमार झा
Updated Tue, 04 Aug 2020 07:36 PM IST
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सिविल सर्विस परीक्षा के टॉपर प्रदीप सिंह
- फोटो : Social media
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वर्ष 2019 की सिविल सेवा परीक्षा में देश भर में 26वां स्थान हासिल करने वाले इंदौर के प्रदीप सिंह के पिता मनोज सिंह साल भर पहले तक यहां एक पेट्रोल पम्प पर नौकरी करते हुए वाहनों में पेट्रोल-डीजल भरते थे।
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लेकिन परिवार के संघर्ष के गवाह रहे उनके बेटे की आंखों में भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) का अधिकारी बनने का सपना बचपन से ही उड़ान भर चुका था। गुदड़ी के इस लाल ने अपने दूसरे प्रयास में केवल 23 साल की उम्र में इस सपने को सच कर दिखाया। संयोग है कि सिविल सेवा परीक्षा 2019 में शीर्ष स्थान प्राप्त करने वाले उम्मीदवार का नाम भी 'प्रदीप सिंह' ही है।
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संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) की परीक्षा में 26वां स्थान हासिल करने वाले इंदौर के प्रदीप सिंह (23) ने मंगलवार को बताया, 'मैंने सिविल सेवा परीक्षा 2018 में अपने पहले प्रयास में देश भर में 93वां स्थान हासिल किया था। हालांकि, मैं आईएएस अफसर बनने से केवल एक स्थान से चूक गया था। लिहाजा मैंने इस बार और मेहनत की।'
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सिंह ने बताया कि वर्ष 2018 की सिविल सेवा परीक्षा में उनका चयन भारतीय राजस्व सेवा (आईआरएस) में हुआ था। इसके बाद उन्हें नागपुर की राष्ट्रीय प्रत्यक्ष कर अकादमी (एनएडीटी) में प्रशिक्षण के लिये भेजा गया था। हालांकि, फिलहाल उन्होंने इस प्रशिक्षण से अवकाश ले रखा है।
उन्होंने याद किया कि महाविद्यालयीन पढ़ाई तक उनके परिवार का जीवन संघर्षों से भरा था क्योंकि उनके पिता मनोज सिंह शहर के एक पेट्रोल पंप पर काम करते थे और उनकी तनख्वाह खर्चों के मुकाबले कम पड़ती थी। सिंह ने बताया, 'कक्षा सात से ही मैंने ठान लिया था कि मुझे एक दिन आईएएस अफसर बनना है। स्नातक की पढ़ाई तक मेरा यह संकल्प और मजबूत हो गया। मैंने स्कूल से लेकर कॉलेज तक इसी लक्ष्य के मुताबिक तैयारी की है।'
केवल 23 साल की उम्र में आईएएस अफसर बनने वाले उम्मीदवार के पिता मनोज सिंह ने बताया कि उन्होंने सतत 28 वर्ष तक शहर के देवास नाका क्षेत्र में पेट्रोल पम्प में नौकरी के बाद साल भर पहले ही खुद का छोटा-सा ट्रांसपोर्ट कारोबार शुरू किया है। सिविल सेवा परीक्षा में बेटे की कामयाबी से प्रसन्न पिता ने कहा, 'बाबा महाकाल (नजदीकी उज्जैन शहर स्थित भगवान शिव का महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग) की कृपा से मेरा बेटा आईएएस अफसर बन गया है।'
