फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Sehore news: One and half year old child dies due to jelly stuck in his throat

Sehore news: लाड़-प्यार में डेढ़ साल के मासूम को खिला दी जेली, गले में अटकने से निकल गई जान, मचा कोहराम

Fri, 23 May 2025 04:24 PM IST
सीहोर ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीहोर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीहोर Published by: सीहोर ब्यूरो Updated Fri, 23 May 2025 04:24 PM IST
सार

सीहोर के जहांगीरपुर गांव में डेढ़ वर्षीय आयुष की जेली गले में फंसने से मौत हो गई। परिजन तुरंत अस्पताल पहुंचे, लेकिन देर हो चुकी थी।  

विज्ञापन
Sehore news: One and half year old child dies due to jelly stuck in his throat
जेली खिलाने से गई बच्चे की जान - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

सीहोर में दिल को झकझोर देने वाला मामला आया है। परिजनों ने अपने डेढ़ साल के बच्चे को लाड़-लाड़ में जेली तो खिला दी, लेकिन यह जेली ही मासूम की जान कारण बन गई। गले में अटकने के कारण परिजन मासूम को लेकर तत्काल अस्पताल पहुंचे, लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी। जेली गले में अटकने के कारण परिजन अपने लाड़ले को सदा के लिए खो चुके थे। डॉक्टरों ने अस्पताल में मासूम को चेक करने के बाद मृत घोषित कर दिया।

विज्ञापन


ये भी पढ़ें- सो रहे परिवार को कमरे में बंद कर की चोरी, तीन लाख रुपये और सामान के साथ कार भी ले गए चोर
विज्ञापन


मामला समीपस्थ ग्राम जहांगीरपुर का है। जानकारी के अनुसार करण सिंह लोधी अपने डेढ़ साल के बच्चे के बच्चे आयुष लोधी से बड़ा लाड़ और स्नेह करते थे। बताया जाता है कि आयुष परिवार के सभी लोगों का लाड़ला था। बुधवार को परिजनों ने लाड़-लाड़ में अपने डेढ़ साल के बच्चे आयुष को जेली (मीठी गोली) खिला दी। बताते हैं कि जेली खिलाने के बाद से बच्चा रोने के साथ तड़पने लगा। बच्चे को सांस लेने में काफी परेशानी हो रही थी। परिजन मासूम को तत्काल जिला अस्पताल लेकर आए, लेकिन तब तक परिवार के लाड़ले डेढ़ वर्षीय आयुष की मौत हो चुकी थी। जिला अस्पताल में मासूम को लाने पर डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। आयुष की मौत के बाद परिजनों के रो-रोकर बुरे हाल हैं। उन्हें अपनी गलती का अहसास हो रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें- शिवराज करेंगे सीहोर में दो दिनी पदयात्रा, बहनों से मिलेंगे किसानों से करेंगे संवाद

छोटे बच्चों को ऐसी चीज न दें, जो गले में फंसे
डॉक्टरों का कहना है कि कोशिश करें कि छोटे बच्चों को ऐसी कोई भी चीज न खाने दें जो उनके गले में फंस सकती है। बच्चों के गले में कोई चीज फंस जाए तो सबसे पहले उसे उल्टा कर दें, और पीठ पर तेजी से थपथपाएं। ऐसा करने से हो सकता है कि गले में फंसी चीज अपने आप ही बाहर आ जाए। इसके बाद बिना देर किए नजदीकी अस्पताल ले जाएं और एंडोस्कोप से उस चीज को निकलवाने का प्रयास करें ताकि जान बचाई जा सके।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed