{"_id":"5f8ce43e1105907fec4ec9a1","slug":"scindia-attack-on-kamal-nath-over-controversial-remarks-about-women-leader-of-dalit-community","type":"story","status":"publish","title_hn":"Imarti Devi: दलित समुदाय की महिला नेता को लेकर कमलनाथ की विवादित टिप्पणी पर भड़के सिंधिया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Imarti Devi: दलित समुदाय की महिला नेता को लेकर कमलनाथ की विवादित टिप्पणी पर भड़के सिंधिया
Mon, 19 Oct 2020 06:01 PM IST
Jeet Kumar
पीटीआई, इंदौर
पीटीआई, इंदौर
Published by: Jeet Kumar
Updated Mon, 19 Oct 2020 06:01 PM IST
विज्ञापन
ज्योतिरादित्य सिंधिया
- फोटो : पीटीआई
Imarti Devi: राज्यसभा के सदस्य ज्योतिरादित्य सिंधिया ने मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ पर दलित समुदाय की भाजपा नेता इमरती देवी को लेकर अभद्र टिप्पणी करने का आरोप लगाते हुए रविवार को कहा कि ऐसे बयान महिलाओं और अनुसूचित जाति के खिलाफ कांग्रेस नेताओं की सोच दर्शाते हैं।
सिंधिया ने इंदौर शहर से करीब 30 किलोमीटर दूर कम्पेल कस्बे में एक चुनावी सभा में कहा, "दलित समाज की नेता और सरपंच पद से शुरूआत कर अपनी अथक मेहनत से मंत्री बनीं इमरती देवी के लिए कमलनाथ कहते हैं कि वह आइटम हैं। (कांग्रेस नेता) अजय सिंह कहते हैं कि वह जलेबी हैं।"
विज्ञापन
उन्होंने कहा, "महिलाओं और अनुसूचित जाति के विरुद्ध इनकी (कांग्रेस नेताओं) यही सोच और विचारधारा है, जबकि हमारे शास्त्रों में बताया गया है कि जहां नारियों का मान-सम्मान होता है, देवता वहीं विराजते हैं।"
सिंधिया के वफादार समर्थकों में गिनी जाने वाली इमरती देवी कांग्रेस के उन 22 विधायकों में से एक हैं, जिनके विधानसभा से त्यागपत्र देकर भाजपा में शामिल होने के कारण तत्कालीन कमलनाथ सरकार 20 मार्च को गिर गई थी। इसके बाद शिवराज सिंह चौहान के नेतृत्व में भाजपा 23 मार्च को सूबे की सत्ता में लौट आई थी।
इमरती देवी आसन्न विधानसभा उपचुनावों में ग्वालियर जिले की डबरा सीट से भाजपा की उम्मीदवार हैं।
चुनावी सभा के बाद संवाददाताओं से बातचीत में सिंधिया ने आरोप लगाया कि राज्यसभा सदस्य दिग्विजय सिंह भी कांग्रेस नेता मीनाक्षी नटराजन के बारे में कुछ साल पहले अभद्र टिप्पणी कर चुके हैं और "ऐसे बयान कांग्रेस की वास्तविकता हैं।"
सूबे की 28 विधानसभा सीटों के लिए तीन नवंबर को होने वाले उपचुनावों को लेकर कांग्रेस के जारी घोषणा पत्र पर राज्यसभा सदस्य ने कहा, "कांग्रेस ने वर्ष 2018 के पिछले विधानसभा चुनावों के दौरान जारी अपने वचन पत्र (घोषणा पत्र) पर कालिख पोत दी और इसके मुताबिक एक भी काम नहीं हुआ। अब कांग्रेस उपचुनावों के घोषणापत्र को भी खुद के ही पास रखे क्योंकि जनता का विश्वास कांग्रेस से उठ चुका है।"
सात महीने पहले दल बदल कर भाजपा में शामिल होने वाले सिंधिया ने एक सवाल पर कांग्रेस के इस आरोप को खारिज किया कि भाजपा उन्हें उप चुनावों के जारी प्रचार अभियान में ज्यादा तवज्जो नहीं दे रही है। उन्होंने कहा, "यह तो बड़ी अद्भुत बात है कि कांग्रेस अब मेरी चिंता कर रही है।"
उपचुनावों के लिए भाजपा के घोषित स्टार प्रचारकों की सूची में सिंधिया को अन्य वरिष्ठ नेताओं के मुकाबले निचले क्रम पर रखा गया है।
इस बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, "चुनावी रथों पर सवार होने, पोस्टरों में अपनी फोटो छपवाने और स्टार प्रचारक की सूची में शामिल होने में मेरी रुचि नहीं है। मेरी रुचि केवल एक बात में है कि मैं जनता के दिल में स्थान पा सकूं।"
विज्ञापन
सिंधिया ने इंदौर शहर से करीब 30 किलोमीटर दूर कम्पेल कस्बे में एक चुनावी सभा में कहा, "दलित समाज की नेता और सरपंच पद से शुरूआत कर अपनी अथक मेहनत से मंत्री बनीं इमरती देवी के लिए कमलनाथ कहते हैं कि वह आइटम हैं। (कांग्रेस नेता) अजय सिंह कहते हैं कि वह जलेबी हैं।"
विज्ञापन
विज्ञापन
उन्होंने कहा, "महिलाओं और अनुसूचित जाति के विरुद्ध इनकी (कांग्रेस नेताओं) यही सोच और विचारधारा है, जबकि हमारे शास्त्रों में बताया गया है कि जहां नारियों का मान-सम्मान होता है, देवता वहीं विराजते हैं।"
Congress is doing cheap politics even on sensitive issues, as usual. Before my arrival, our 'Annadata' (farmer) had passed away. He was immediately rushed to hospital. Politics is medium of public service for me & I don't want a certificate from Congress: Jyotiraditya Scindia,BJP https://t.co/jqhFr2sJTZ pic.twitter.com/Uyci0cyU5n
— ANI (@ANI) October 18, 2020
सिंधिया के वफादार समर्थकों में गिनी जाने वाली इमरती देवी कांग्रेस के उन 22 विधायकों में से एक हैं, जिनके विधानसभा से त्यागपत्र देकर भाजपा में शामिल होने के कारण तत्कालीन कमलनाथ सरकार 20 मार्च को गिर गई थी। इसके बाद शिवराज सिंह चौहान के नेतृत्व में भाजपा 23 मार्च को सूबे की सत्ता में लौट आई थी।
इमरती देवी आसन्न विधानसभा उपचुनावों में ग्वालियर जिले की डबरा सीट से भाजपा की उम्मीदवार हैं।
चुनावी सभा के बाद संवाददाताओं से बातचीत में सिंधिया ने आरोप लगाया कि राज्यसभा सदस्य दिग्विजय सिंह भी कांग्रेस नेता मीनाक्षी नटराजन के बारे में कुछ साल पहले अभद्र टिप्पणी कर चुके हैं और "ऐसे बयान कांग्रेस की वास्तविकता हैं।"
This is Congress's principle. First, Digvijay Singh had said something about Congress leader Meenakshi Natrajan which I don't remember, now Kamal Nath called BJP's Imarti Devi an 'item' while Ajay Singh called her 'Jalebi'. Congress never respect women: Jyotiraditya Scindia, BJP https://t.co/YSbqd8PHGH pic.twitter.com/V28yxFucpi
— ANI (@ANI) October 18, 2020
सूबे की 28 विधानसभा सीटों के लिए तीन नवंबर को होने वाले उपचुनावों को लेकर कांग्रेस के जारी घोषणा पत्र पर राज्यसभा सदस्य ने कहा, "कांग्रेस ने वर्ष 2018 के पिछले विधानसभा चुनावों के दौरान जारी अपने वचन पत्र (घोषणा पत्र) पर कालिख पोत दी और इसके मुताबिक एक भी काम नहीं हुआ। अब कांग्रेस उपचुनावों के घोषणापत्र को भी खुद के ही पास रखे क्योंकि जनता का विश्वास कांग्रेस से उठ चुका है।"
सात महीने पहले दल बदल कर भाजपा में शामिल होने वाले सिंधिया ने एक सवाल पर कांग्रेस के इस आरोप को खारिज किया कि भाजपा उन्हें उप चुनावों के जारी प्रचार अभियान में ज्यादा तवज्जो नहीं दे रही है। उन्होंने कहा, "यह तो बड़ी अद्भुत बात है कि कांग्रेस अब मेरी चिंता कर रही है।"
उपचुनावों के लिए भाजपा के घोषित स्टार प्रचारकों की सूची में सिंधिया को अन्य वरिष्ठ नेताओं के मुकाबले निचले क्रम पर रखा गया है।
इस बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, "चुनावी रथों पर सवार होने, पोस्टरों में अपनी फोटो छपवाने और स्टार प्रचारक की सूची में शामिल होने में मेरी रुचि नहीं है। मेरी रुचि केवल एक बात में है कि मैं जनता के दिल में स्थान पा सकूं।"
