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दो दिन में अपहरण कांड का खुलासा: मुरैना पुलिस ने मासूम कार्तिकन को सकुशल बरामद, पिता ही निकला मास्टरमाइंड
Thu, 16 Jul 2026 11:02 PM IST
मुरैना ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुरैना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुरैना
Published by: मुरैना ब्यूरो
Updated Thu, 16 Jul 2026 11:02 PM IST
सार
मुरैना पुलिस ने स्कूल से अपहृत मासूम कार्तिकेय को दो दिन में राजस्थान के पाली से सकुशल बरामद कर लिया। जांच में सामने आया कि पारिवारिक विवाद के चलते पिता निलेश ने ही अपहरण की साजिश रची थी। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर मामले की विस्तृत जांच कर रही है।
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मुरैना में मासूम का अपहरणकर्ता निकला पिता
- फोटो : credit
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विस्तार
मुरैना पुलिस ने स्कूल से अपहृत मासूम कार्तिकन यादव को महज दो दिन के भीतर सकुशल बरामद कर बड़ी सफलता हासिल की है। जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि बच्चे का अपहरण किसी गैंग ने नहीं, बल्कि उसके पिता निलेश ने ही कराया था।
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पुलिस के अनुसार पति-पत्नी के बीच चल रहे पारिवारिक विवाद के चलते निलेश ने बेटे का अपहरण कराने की साजिश रची। घटना को अंजाम देने से पहले वह करीब 15 दिन तक मुरैना में रहकर रेकी करता रहा और पूरी योजना तैयार की। वारदात के बाद आरोपी पिता बच्चे को लेकर राजस्थान के पाली पहुंच गया, जहां वह एक होटल में ठहरा हुआ था। मुरैना पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और लगातार की गई जांच के आधार पर पाली पहुंचकर बच्चे को सकुशल बरामद कर लिया।
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इस कार्रवाई से अपहरण की गुत्थी सुलझ गई और मासूम को सुरक्षित परिजनों तक पहुंचाने में पुलिस को सफलता मिली। पुलिस मामले में आरोपी पिता से पूछताछ कर रही है तथा पूरे घटनाक्रम की जांच जारी है।
कार्तिकेय अपहरण कांड की जांच के बीच परिवार की जानकारी सामने आई। नीलेश राजपूत और इशू यादव की पहचान 2018 में फेसबुक के जरिए हुई थी। दोनों की दोस्ती प्यार में बदली और 2019 में उन्होंने शादी कर ली। नीलेश मूल रूप से राजस्थान के पाली का रहने वाला है। शादी के समय वह मुंबई में रहकर गुटखा का कारोबार करता था। शादी के बाद दोनों करीब तीन-चार साल मुंबई में साथ रहे। इसी दौरान बेटे कार्तिकेय का जन्म भी मुंबई में हुआ।
पत्नी इशू यादव का आरोप है कि बेटे के जन्म के बाद नीलेश शराब और नशे का आदी हो गया। वह उसके साथ मारपीट करने लगा। विवाद बढ़ने पर जनवरी 2025 में इशू बेटे कार्तिकेय को लेकर मायके मुरैना आ गई। अगस्त 2025 में नीलेश मुरैना पहुंचा और बेटे को अपने साथ मुंबई ले गया। समझौते का भरोसा मिलने पर इशू भी उसके साथ मुंबई चली गई, लेकिन कुछ समय बाद फिर विवाद और मारपीट शुरू हो गई। जनवरी 2026 में इशू दोबारा बेटे कार्तिकेय को लेकर मुरैना लौट आई। तब से दोनों पति-पत्नी अलग-अलग रह रहे थे। करीब 2 महीने पहले इशू और उसकी मां ममता यादव ने कार्तिकेय का रेनबो पब्लिक स्कूल में दाखिला कराया था।

मुरैना में मासूम का अपहरण
