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मंत्री के बिगड़े बोल: बिसाहूलाल सिंह बोले- ठाकुर-ठकार लोग महिलाओं को कोठड़ी में बंद रखते हैं, उन्हें पकड़कर बाहर निकालें!
Thu, 25 Nov 2021 02:18 PM IST
रवींद्र भजनी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
Published by: रवींद्र भजनी
Updated Thu, 25 Nov 2021 02:18 PM IST
सार
मध्य प्रदेश के मंत्री बिसाहूलाल सिंह का कहना है कि बड़े लोग महिलाओं को बंद रखते हैं। उन्हें खींचकर बाहर लाना होगा। तभी महिलाएं आगे बढ़ेंगी।
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मध्य प्रदेश के मंत्री बिसाहूलाल सिंह।
- फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
अपने बयानों से अक्सर विवादों में घिरने वाले मध्य प्रदेश के मंत्री बिसाहूलाल सिंह ने एक बार फिर विवादों को न्यौता दिया है। एक कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि ठाकुर-ठकार जैसे जितने बड़े-बड़े लोग हैं, वे लोग अपनी महिलाओं को कोठड़ी में बंद रखते हैं। उनकी महिलाएं बाहर न निकलें तो उन्हें पकड़-पकड़कर बाहर निकालना चाहिए। तभी तो महिलाएं आगे बढ़ेंगी।
बिसाहूलाल सिंह महिलाओं के ही एक कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। उनके भाषण का यह वीडियो वायरल हो गया है। इसमें वे महिलाओं को भी पुरुषों के बराबर काम करने की अपील करते हुए सुने जा सकते हैं। उन्होंने कहा कि 'महिला-पुरुषों को मिलकर काम करना चाहिए। खासकर, जितने बड़े-बड़े लोग हैं... ठाकुर-ठकार और बड़े-बड़े लोग। वे लोग अपनी औरतों को कोठड़ी में बंद करके रखते हैं। बाहर निकलने ही नहीं देते। जितना धान काटने, आंगन लीपने, गोबर फेंकने के काम हैं, ये सब हमारे गांव की महिलाएं करती हैं। जब महिलाओं और पुरुषों का बराबर अधिकार है तो दोनों को बराबरी से काम भी करना चाहिए। सब अपने अधिकारों को पहचानो और पुरुषों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर काम करो। और जितने बड़े ठाकुर-वाकुर हैं न, उनके घर जाए। उनकी महिला बाहर न निकले तो पकड़-पकड़कर उन्हें बाहर निकालें। तभी तो महिलाएं आगे बढ़ेंगी।'
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पहले भी विवादित बयान देते रहे हैं सिंह
मध्य प्रदेश शासन में खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री बिसाहूलाल सिंह इससे पहले भी अपने बयानों को लेकर विवादों में रहे हैं। कुछ ही दिन पहले उन्होंने महंगाई के मुद्दे पर कहा था कि किसानों को महंगाई को स्वीकार कर लेना चाहिए। पहले एक रुपये में 10 किलो धान मिलता था। अब 19.18 रुपये में एक किलो धान बिक रहा है। ऐसे में किसानों को पहले की तुलना में फायदा भी तो अधिक हो रहा है।
इससे पहले वे यह कहकर फंसे थे कि कुछ नेता हैं, जिनका नाम नहीं लेना चाहूंगा। वे विकास की जगह सट्टा, जुआं, कबाड़ को महत्व देते हैं। ये नेता कबाड़ वालों को कबाड़ का धंधा कराएंगे, साथ में शराब पीने वालों को शराब का धंधा कराएंगे और जब पकड़े जाएंगे तो एसपी और कलेक्टर को फोन कर छुड़वाएंगे। इससे कोई विकास नहीं होता। विकास आत्मा से होता है, सोच से होता है।
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बिसाहूलाल सिंह महिलाओं के ही एक कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। उनके भाषण का यह वीडियो वायरल हो गया है। इसमें वे महिलाओं को भी पुरुषों के बराबर काम करने की अपील करते हुए सुने जा सकते हैं। उन्होंने कहा कि 'महिला-पुरुषों को मिलकर काम करना चाहिए। खासकर, जितने बड़े-बड़े लोग हैं... ठाकुर-ठकार और बड़े-बड़े लोग। वे लोग अपनी औरतों को कोठड़ी में बंद करके रखते हैं। बाहर निकलने ही नहीं देते। जितना धान काटने, आंगन लीपने, गोबर फेंकने के काम हैं, ये सब हमारे गांव की महिलाएं करती हैं। जब महिलाओं और पुरुषों का बराबर अधिकार है तो दोनों को बराबरी से काम भी करना चाहिए। सब अपने अधिकारों को पहचानो और पुरुषों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर काम करो। और जितने बड़े ठाकुर-वाकुर हैं न, उनके घर जाए। उनकी महिला बाहर न निकले तो पकड़-पकड़कर उन्हें बाहर निकालें। तभी तो महिलाएं आगे बढ़ेंगी।'
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पहले भी विवादित बयान देते रहे हैं सिंह
मध्य प्रदेश शासन में खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री बिसाहूलाल सिंह इससे पहले भी अपने बयानों को लेकर विवादों में रहे हैं। कुछ ही दिन पहले उन्होंने महंगाई के मुद्दे पर कहा था कि किसानों को महंगाई को स्वीकार कर लेना चाहिए। पहले एक रुपये में 10 किलो धान मिलता था। अब 19.18 रुपये में एक किलो धान बिक रहा है। ऐसे में किसानों को पहले की तुलना में फायदा भी तो अधिक हो रहा है।
इससे पहले वे यह कहकर फंसे थे कि कुछ नेता हैं, जिनका नाम नहीं लेना चाहूंगा। वे विकास की जगह सट्टा, जुआं, कबाड़ को महत्व देते हैं। ये नेता कबाड़ वालों को कबाड़ का धंधा कराएंगे, साथ में शराब पीने वालों को शराब का धंधा कराएंगे और जब पकड़े जाएंगे तो एसपी और कलेक्टर को फोन कर छुड़वाएंगे। इससे कोई विकास नहीं होता। विकास आत्मा से होता है, सोच से होता है।
