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Court News: जवाब पेश करो, नहीं तो कमिश्नर-कलेक्टर को करेंगे तलब, अवमानना मामले में हाईकोर्ट सख्त
Sat, 17 Jun 2023 10:22 PM IST
अरविंद कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जबलपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जबलपुर
Published by: अरविंद कुमार
Updated Sat, 17 Jun 2023 10:22 PM IST
सार
जबलपुर हाईकोर्ट द्वारा निलंबन आदेश के बावजूद भी ज्वाइनिंग नहीं दिए जाने के खिलाफ अवमानना याचिका दायर की गई थी। हाईकोर्ट जस्टिस संजय द्विवेदी की एकलपीठ ने याचिका को गंभीरता से लेते हुए शासकीय अधिवक्ता को दो दिन में जवाब पेश करने के निर्देश जारी किए हैं।
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मध्य प्रदेश हाईकोर्ट, जबलपुर
- फोटो : Social Media
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विस्तार
निलंबन आदेश के बावजूद भी ज्वाइनिंग नहीं दिए जाने के खिलाफ अवमानना याचिका के मामले में जबलपुर हाईकोर्ट ने चेतावनी देते हुए कहा, जवाब नहीं आया तो संभागायुक्त रीवा और कलेक्टर सीधी की व्यक्तिगत रूप से तलब किया जाएगा। याचिका पर अगली सुनवाई 19 जून को निर्धारित की है।
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सीधी के प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारी रहे पवन कुमार सिंह की तरफ से दायर अवमानना याचिका में गया है कि हाईकोर्ट ने 21 दिसंबर 2022 को उनके निलंबन आदेश पर स्थगन आदेश जारी किए थे। इसके बावजूद अभी तक उन्हें ज्वाइनिंग नहीं दी गई। याचिका में कहा गया था कि मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मंच से निलंबन का आदेश दिया था, जिसके बाद 10 फरवरी 2022 को संभागायुक्त रीवा ने याचिकाकर्ता को डीईओ पद से निलंबित कर दिया था।
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याचिकाकर्ता का आरोप है कि उसे राजनीतिक कारण से दुर्भावनावश निलंबित किया गया है, जिस दिन मुख्यमंत्री का कार्यक्रम था, उसी दिन कलेक्टर का प्रतिवेदन आया और उसी दिया संभागायुक्त ने निलंबन आदेश भी जारी की दिया। इस पर उसने हाईकोर्ट की शरण ली थी। न्यायालय ने उनके पक्ष में राहतकारी आदेश देते हुए निलंबन आदेश पर रोक लगा दी थी, लेकिन उक्त आदेश का पालन नहीं किया गया, जिस पर यह अवमानना का मामला दायर किया गया। सुनवाई पश्चात् न्यायालय ने आदेश दिए। याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता भूपेन्द्र शुक्ला ने पक्ष रखा।
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