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Indore News: हलफनामे में बता दिया रेप का आरोपी, सुप्रीम कोर्ट ने लगाई इंदौर के पुलिस अफसरों को फटकार
Wed, 05 Nov 2025 08:35 PM IST
अभिषेक चेंडके
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
Published by: अभिषेक चेंडके
Updated Wed, 05 Nov 2025 08:35 PM IST
सार
मध्य प्रदेश में एक और मामला इस तरह का शहडोल का सामने आया है। हाईकोर्ट ने शहडोल कलेक्टर केदार सिंह पर दो लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। सिंह ने एक बेगुनाह युवक पर राष्ट्रीय सुरक्षा कानून के तहत कार्रवाई का आदेश जारी किया था।
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सुप्रीम कोर्ट ने फटकार लगाई
- फोटो : amar ujala
विस्तार
इंदौर के एडिशनल डीसीपी दिशेष अग्रवाल व चंदन नगर थाना प्रभारी चंद्रमणि पटेल को गलत हलफनामा पेश करने पर फटकार लगाई है। अफसरों ने एक केस में जमानत याचिका कर विरोध करते हुए हलफनामा पेश किया था। जिसमें आठ में से चार मामले में धारा 376 का केस भी शामिल था, लेकिन उसमें याचिकाकर्ता आरोपी नहीं था।
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कोर्ट ने जब इस मामले में अफसरों से पूछा तो उन्होंने तर्क दिया कि हलफमाना कम्यूटर पर तैयार किया गया है और गलती पिता-पुत्र के नाम मिलने के कारण हुई, लेकिन कोर्ट ने उनके तर्क को सिरे से खारिज कर दिया। कोर्ट ने दोनो को शोकाज नोटिस जारी किया है।
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कोर्ट ने दोनो अफसरों को इस मामले में 25 नंवबर को कोर्ट में पेश होने के लिए कहा है, लेकिन अफसरों से सुनवाई के दो दिन पहले स्पष्टीकरण पेश करने को कहा गया है। उधर कोर्ट ने केस को जमानत के लिए उपयुक्त माना और याचिकाकर्ता अनवर हुसैन को जमानत दे दी।
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मध्य प्रदेश में एक और मामला इस तरह का शहडोल का सामने आया है। हाईकोर्ट ने शहडोल कलेक्टर केदार सिंह पर दो लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। सिंह ने एक बेगुनाह युवक पर राष्ट्रीय सुरक्षा कानून के तहत कार्रवाई का आदेश जारी किया था। युवक को 12 माह से ज्यादा जेल में काटना पड़े थे। बाद में युवक ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। असके बाद कोर्ट ने जुर्माना लगाते हुए कहा था कि कलेक्टर को जुर्माना अपनी जेब से भरना होगा।
