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Damoh News: सीतानगर बांध परियोजना से छोड़ा गया 18 मिलियन क्यूबिक मीटर पानी, दमोह की नदियों का जलस्तर बढ़ा
Tue, 21 Jan 2025 03:33 PM IST
दमोह ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दमोह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दमोह
Published by: दमोह ब्यूरो
Updated Tue, 21 Jan 2025 03:33 PM IST
सार
जल संसाधन विभाग के ईई शुभम अग्रवाल ने बताया कि अब तक 18 एमसीएम पानी छोड़ा जा चुका है और लगभग 4 से 5 एमसीएम पानी और छोड़ा जाना है।
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सुनार नदी का बड़ा जलस्तर
विस्तार
दमोह जिले में कई बड़ी और छोटी नदियां हैं, जिनमें सोमवार को अचानक पानी की जलधारा चलने लगी। यह देखकर लोग घाटों की ओर भागने लगे, जबकि एक दिन पहले तक यहां बहुत कम पानी था। दरअसल, बटियागढ़ ब्लॉक में स्थित सीतानगर परियोजना में इंटेक वेल निर्माण कार्य के चलते सीतानगर बांध परियोजना से सोमवार को पानी छोड़ा गया। इससे बटियागढ़ और हटा में सुनार नदी सहित अन्य नदियों का जलस्तर बढ़ गया। फिलहाल 18 मिलियन क्यूबिक मीटर (एमसीएम) पानी छोड़ा जा चुका है।
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दअरसल, जल संसाधन विभाग, दमोह द्वारा आदेश जारी किया गया था कि इंटेक वेल निर्माण कार्य के लिए बांध के जलस्तर में कमी करना जरूरी है। बांध का लेवल 337.40 मीटर था, लेकिन 330 मीटर के लेवल पर ही इंटेक वेल का कार्य संभव हो पाएगा। इसलिए, 7.40 मीटर पानी छोड़ा जाना था।
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पानी छोड़े जाने को लेकर नदी किनारे वाले गांव के लोगों और मछुआरों को पहले ही अलर्ट किया गया था, ताकि वे बहाव के दौरान नदी पर न जाएं। बताया गया है कि सुनार नदी का जलस्तर 12 फीट तक बढ़ा है। जल संसाधन विभाग के ईई शुभम अग्रवाल ने बताया कि अब तक 18 एमसीएम पानी छोड़ा जा चुका है और लगभग 4 से 5 एमसीएम पानी और छोड़ा जाना है।
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ठंड में सूख गया अमृत सरोवर तालाब
पथरिया जनपद पंचायत के ग्राम पंचायत नेगुवा में लगभग 80 लाख रुपये की लागत से दो अमृत सरोवर बनाए गए हैं, लेकिन इनमें एक बूंद भी पानी नहीं है। लोगों ने बताया कि तालाब का निर्माण तो कराया गया, लेकिन सही तरीके से नहीं किया गया। बारिश समाप्त होते ही ये तालाब खाली हो जाते हैं। इनकी गहराई भी कम है और चारों तरफ उचित बंदोबस्त नहीं कराया गया है। प्रभारी जनपद पंचायत सीईओ रामभरत कटारे ने कहा कि वह इस मामले को दिखवाएंगे।
