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MP AQI: मध्य प्रदेश की हवा में होने लगा सुधार, कई शहरों में बेहतर स्थिति दर्ज, ग्वालियर में अभी AQI 200 पार
Thu, 23 Oct 2025 09:29 AM IST
संदीप तिवारी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
Published by: संदीप तिवारी
Updated Thu, 23 Oct 2025 09:29 AM IST
सार
मध्य प्रदेश कई प्रमुख औद्योगिक और शहरी इलाकों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) में सुधार के संकेत मिल रहे हैं। अब जरूरत है इसे बनाए रखने की। दिवाली के तुरंत बाद प्रदूषण में आई तेज वृद्धि पटाखों के अत्यधिक इस्तेमाल, तापमान में गिरावट और हवा की गति में कमी जैसे कई कारणों से हुई।
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प्रदूषण
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
मध्य प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के ताजा आंकड़े बताते हैं कि प्रदेश के कई प्रमुख औद्योगिक और शहरी इलाकों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) में सुधार के संकेत मिल रहे हैं। हालांकि ग्वालियर (AQI 210) अभी भी सबसे अधिक प्रदूषित शहरों में शुमार है, लेकिन पिछले दिनों की तुलना में इसमें गिरावट दर्ज हुई है। वहीं, भोपाल (AQI 170) और जबलपुर (AQI 117) जैसे शहरों ने “बहुत अस्वस्थ” श्रेणी से बाहर निकलकर “मध्यम” से “अस्वस्थ” श्रेणी की ओर रुख किया है जो साफ तौर पर सुधार का संकेत है।
वर्तमान रैंकिंग एवं रुझान
शहर वर्तमान AQI स्थिति
1 ग्वालियर 210 अस्वस्थ
2 पीथमपुर 183 अस्वस्थ ं
3 देवास 179 अस्वस्थ ं
4 मंडीदीप 179 अस्वस्थ
5 भोपाल 170 अस्वस्थ ं
6 कटनी 153 मध्यम-अस्वस्थ
7 दमोह 149 मध्यम
8 रतलाम 149 मध्यम
9 सिंगरौली 142 मध्यम
10 जबलपुर 117 संतोषजनक-मध्यम
यह भी पढ़ें-अरब सागर के लो प्रेशर का असर, MP के कई जिलों में बूंदाबांदी, अगले चार दिन रहेगा ऐसा ही मौसम
अब हो रहा सुधार
मध्य प्रदेश प्रदूषण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी बृजेश शर्मा ने बताया कि दिवाली के तुरंत बाद प्रदूषण में आई तेज वृद्धि पटाखों के अत्यधिक इस्तेमाल, तापमान में गिरावट और हवा की गति में कमी जैसे कई कारणों से हुई। उन्होंने कहा कि सुबह और शाम के समय धूल और धुएं के कणों की सांद्रता बढ़ जाती है, जिससे लोगों को सांस लेने में तकलीफ होती है। उन्होंने बताया कि हालांकि अब काफी सुधार हुआ है। एक-दो दिन में पूरी तरह हवा शुद्ध हो जाएगी।
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यह भी पढ़ें-57 वर्षीय व्यक्ति के फूड पाइप में एक माह तक फंसा रहा दवा का रैपर, BMHRC के चिकित्सकों ने बचाई जान
भोपाल नगर निगम का प्रयास कारगर
इस बीच, भोपाल नगर निगम (बीएमसी) शहर की वायु गुणवत्ता में सुधार के लिए लगातार प्रयास कर रहा है। तीन प्रमुख निगरानी केंद्रों -पर्यावरण परिसर, टीटी नगर और कलेक्टर कार्यालय में AQI रिकॉर्डिंग सिस्टम लगाए गए हैं। धूल और प्रदूषकों से निपटने के लिए, इन इलाकों में 24 घंटे से ज्यादा समय तक लगातार पानी का छिड़काव करने के लिए 21 नगर निगम के वाहन तैनात किए गए थे। जिससे पिछले 1 दिन के अंदर ही वायु प्रदूषण में काफी गिरावट देखी गई।
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वर्तमान रैंकिंग एवं रुझान
शहर वर्तमान AQI स्थिति
1 ग्वालियर 210 अस्वस्थ
2 पीथमपुर 183 अस्वस्थ ं
3 देवास 179 अस्वस्थ ं
4 मंडीदीप 179 अस्वस्थ
5 भोपाल 170 अस्वस्थ ं
6 कटनी 153 मध्यम-अस्वस्थ
7 दमोह 149 मध्यम
8 रतलाम 149 मध्यम
9 सिंगरौली 142 मध्यम
10 जबलपुर 117 संतोषजनक-मध्यम
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अब हो रहा सुधार
मध्य प्रदेश प्रदूषण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी बृजेश शर्मा ने बताया कि दिवाली के तुरंत बाद प्रदूषण में आई तेज वृद्धि पटाखों के अत्यधिक इस्तेमाल, तापमान में गिरावट और हवा की गति में कमी जैसे कई कारणों से हुई। उन्होंने कहा कि सुबह और शाम के समय धूल और धुएं के कणों की सांद्रता बढ़ जाती है, जिससे लोगों को सांस लेने में तकलीफ होती है। उन्होंने बताया कि हालांकि अब काफी सुधार हुआ है। एक-दो दिन में पूरी तरह हवा शुद्ध हो जाएगी।
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भोपाल नगर निगम का प्रयास कारगर
इस बीच, भोपाल नगर निगम (बीएमसी) शहर की वायु गुणवत्ता में सुधार के लिए लगातार प्रयास कर रहा है। तीन प्रमुख निगरानी केंद्रों -पर्यावरण परिसर, टीटी नगर और कलेक्टर कार्यालय में AQI रिकॉर्डिंग सिस्टम लगाए गए हैं। धूल और प्रदूषकों से निपटने के लिए, इन इलाकों में 24 घंटे से ज्यादा समय तक लगातार पानी का छिड़काव करने के लिए 21 नगर निगम के वाहन तैनात किए गए थे। जिससे पिछले 1 दिन के अंदर ही वायु प्रदूषण में काफी गिरावट देखी गई।
