{"_id":"61b30324dbaa9a179728843f","slug":"chhatarpur-farmers-jammed-kanpur-sagar-highway-over-irrigation-water-minister-said-will-talk-to-officers","type":"story","status":"publish","title_hn":"छतरपुर: सिंचाई के पानी को लेकर किसानों ने लगाया कानपुर-सागर हाईवे पर जाम, मंत्री बोले- अफसरों से बात करेंगे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
छतरपुर: सिंचाई के पानी को लेकर किसानों ने लगाया कानपुर-सागर हाईवे पर जाम, मंत्री बोले- अफसरों से बात करेंगे
Fri, 10 Dec 2021 01:05 PM IST
रवींद्र भजनी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, छतरपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, छतरपुर
Published by: रवींद्र भजनी
Updated Fri, 10 Dec 2021 01:05 PM IST
सार
छतरपुर के बड़ा मलहरा के बान-सुजारा बांध का पानी धसान नदी में छोड़ने की मांग को लेकर किसानों ने गुरुवार को बंधा तिराहे के पास धरना दिया। उन्होंने कानपुर-सागर हाईवे पर जाम लगा दिया।
विज्ञापन
छतरपुर में किसानों ने चक्काजाम कर दिया।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
मध्य प्रदेश के छतरपुर में किसानों ने कानपुर-सागर हाईवे पर चक्काजाम कर दिया। इससे दोनों तरफ सैकड़ों वाहनों की कतारें लग गई। किसानों की मांग थी कि बड़ा मलहरा के बान-सुजारा बांध का पानी धसान नदी में छोड़ा जाए। करीब सात घंटे बाद अधिकारियों के आश्वासन पर किसान पीछे हटे और हाईवे पर यातायात सुचारू रूप से चलने लगा।
आंदोलन कर रहे किसानों का कहना था कि धसान नदी क्षेत्र के 12 गांवों से गुजरती है। नदी में पानी नहीं होने से सैकडों किसानों की फसलें सूख रही हैं और जानवर प्यासे मर रहे हैं। बान-सुजारा बांध का पानी धसान नदी में जल्द छोडा जाए। इससे ही इन गांवों में नुकसान को रोका जा सकेगा। आंदोलन करने वालों में बंधा, देवरान, बडखेरा, पीरा, भरतौली, कोंडन, पिपरिया, देवरी, विजयपुर, कुर्रा सहित कई गांवों के किसान शामिल है।
मांग को लेकर बुधवार को किसानों ने स्थानीय तहसील कार्यालय में एसडीएम के नाम ज्ञापन देने पहुंचे थे। पर तब गेट ही नहीं खुलवाए गए थे। इससे भी किसान आक्रोशित थे और उन्होंने चक्काजाम कर दिया। तहसीलदार कमलेश कुमार कुशवाहा, एसडीओपी राजाराम साहू, गुलगंज थाना प्रभारी एमएम मिश्रा पुलिस बल के साथ मौके पर थे। उन्होंने आश्वासन दिया कि किसानों की बात सुनी जाएगी, तब जाकर चक्काजाम खत्म हुआ।
विज्ञापन
छतरपुर में पहुंचे मंत्री गोपाल भार्गव ने कहा है कि वह इस मामले में सिंचाई विभाग के अफसरों से बात करेंगे। फसल के लिए अगर पानी नहीं है तो क्यों नहीं है? मुझे मामला समझना होगा। फिर ही हम कुछ कह सकेंगे।
विज्ञापन
आंदोलन कर रहे किसानों का कहना था कि धसान नदी क्षेत्र के 12 गांवों से गुजरती है। नदी में पानी नहीं होने से सैकडों किसानों की फसलें सूख रही हैं और जानवर प्यासे मर रहे हैं। बान-सुजारा बांध का पानी धसान नदी में जल्द छोडा जाए। इससे ही इन गांवों में नुकसान को रोका जा सकेगा। आंदोलन करने वालों में बंधा, देवरान, बडखेरा, पीरा, भरतौली, कोंडन, पिपरिया, देवरी, विजयपुर, कुर्रा सहित कई गांवों के किसान शामिल है।
विज्ञापन
मांग को लेकर बुधवार को किसानों ने स्थानीय तहसील कार्यालय में एसडीएम के नाम ज्ञापन देने पहुंचे थे। पर तब गेट ही नहीं खुलवाए गए थे। इससे भी किसान आक्रोशित थे और उन्होंने चक्काजाम कर दिया। तहसीलदार कमलेश कुमार कुशवाहा, एसडीओपी राजाराम साहू, गुलगंज थाना प्रभारी एमएम मिश्रा पुलिस बल के साथ मौके पर थे। उन्होंने आश्वासन दिया कि किसानों की बात सुनी जाएगी, तब जाकर चक्काजाम खत्म हुआ।
विज्ञापन
छतरपुर में पहुंचे मंत्री गोपाल भार्गव ने कहा है कि वह इस मामले में सिंचाई विभाग के अफसरों से बात करेंगे। फसल के लिए अगर पानी नहीं है तो क्यों नहीं है? मुझे मामला समझना होगा। फिर ही हम कुछ कह सकेंगे।
