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Bhopal News: एसआईआर प्रक्रिया में पिछ़डा भोपाल, सिर्फ 8.77% डिजिटाइजेशन, काम तेज करने के लिए बनाया नया ऐप

Wed, 19 Nov 2025 05:53 PM IST
संदीप तिवारी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल Published by: संदीप तिवारी Updated Wed, 19 Nov 2025 05:53 PM IST
सार

भोपाल में SIR प्रक्रिया की रफ्तार बेहद धीमी पड़ गई है। जिले का डिजिटाइजेशन 10% से भी कम है, इसी बीच काम तेज करने के लिए प्रशासन ने नया SIR भोपाल ऐप बनाया गया है। नया सॉफ्टवेयर एसआईआर प्रक्रिया में सरलता लाएगा।

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Bhopal News: Bhopal lags behind in SIR process, with only 8.77% digitization; new app created to speed up work
एसआईआर - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

राजधानी भोपाल में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) की गति बेहद धीमी पड़ गई है। जिले में गणना पत्रकों का डिजिटाइजेशन जहां औसत 8.77% पर अटका है, वहीं कई विधानसभा क्षेत्रों में स्थिति इससे भी खराब है। समय सीमा नजदीक होने के बावजूद बीएलओ (BLO) फील्ड में काम पूरा नहीं कर पा रहे हैं। ऐसे में जिला निर्वाचन कार्यालय ने काम को गति देने के लिए ‘SIR भोपाल’ ऐप लॉन्च किया है, जिसकी मदद से वोटर आसानी से 2003 की मतदाता सूची में अपना नाम खोज सकेंगे।
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कलेक्टर की पहल: एसआईआर पोर्टल और ऐप हुआ लाइव
भोपाल कलेक्टर ने एसआईआर प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए एक अलग पोर्टल और मोबाइल ऐप लॉन्च किया है। यह प्लेटफॉर्म बुधवार से लाइव है और इसके जरिए नागरिक 2003 की मतदाता सूची में नाम खोजने और सूची डाउनलोड करने की सुविधा ले सकेंगे।
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 बैरसिया सबसे आगे, मध्य और उत्तर पिछड़े

बैरसिया: 28.86%
भोपाल उत्तर: 5.07%
नरेला: 5.57%
भोपाल दक्षिण-पश्चिम: 5.58%
भोपाल मध्य: 4.38%
गोविंदपुरा: 5.69%
हुजूर: 10.80%
-औसत मिलाकर जिला 8.77% डिजिटाइजेशन पर ही अटका हुआ है।


काम की रफ्तार बेहद धीमी, 16 दिन में करना होगा 92% काम
SIR के लिए 15 दिन बीत चुके हैं, लेकिन फील्ड में वास्तविक प्रगति मुश्किल से 8% तक ही पहुंची है। अब अगले 16 दिनों में बीएलओ को बचा हुआ 92% काम पूरा करना है, जो अधिकारियों के लिए सबसे बड़ी चुनौती बन गया है। अफसर निर्देश दे रहे हैं कि बीएलओ रोज 10% काम पूरा करें, लेकिन जमीनी हालात इसके उलट हैं। मतदाता कई जगह गणना पत्रक वापस ही नहीं कर रहे। कुछ बीएलओ डिजिटाइजेशन एप पर एंट्री शुरू भी नहीं कर पाए।  2029 बीएलओ में से 31 बीएलओ ने अब तक ऐप में लॉगिन तक नहीं किया है। 
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डिजिटाइजेशन में बीएलओ की दिक्कतें
- गणना पत्रक समय पर वापस नहीं मिल रहे
- ऐप पर मैपिंग में दिक्कतें
- कई इलाकों में घर-घर सत्यापन मुश्किल
- बीएलओ पर भारी कार्यभार

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सॉफ्टवेयर से प्रक्रिया आसान होने की उम्मीद
उप जिला निर्वाचन अधिकारी भुवन गुप्ता ने बताया कि नया सॉफ्टवेयर एसआईआर प्रक्रिया में सरलता लाएगा। मतदाता अपना नाम तुरंत खोज सकेंगे। 2003 की वोटर लिस्ट डाउनलोड कर सकेंगे। बीएलओ को डेटा मिलान में सुविधा होगी। 


 
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