फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Yogi's Diwali Gift: Policemen will now get Rs 500 motorcycle allowance, facility of e-pension portal

योगी का दिवाली गिफ्ट : पुलिसकर्मियों को साइकिल की जगह 500 रुपये बाइक भत्ता, पुलिस स्मृति दिवस पर की घोषणा

Sat, 22 Oct 2022 12:31 AM IST
पंकज श्रीवास्‍तव अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ Published by: पंकज श्रीवास्‍तव Updated Sat, 22 Oct 2022 12:31 AM IST
सार

दीवाली से ठीक पहले पुलिस के जवानों के बीच मौजूद मुख्यमंत्री ने पुलिसकर्मियों की सहूलियत को देखते हुए ₹5,00,000 से अधिक के चिकित्सा खर्च प्रतिपूर्ति की स्वीकृति पुलिस महानिदेशक स्तर से होने की घोषणा भी की।

विज्ञापन
Yogi's Diwali Gift: Policemen will now get Rs 500 motorcycle allowance, facility of e-pension portal
कार्यक्रम को संबोधित करते सीएम योगी - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

पुलिसकर्मियों को अब साइकिल भत्ता 200 रुपये की जगह बाइक भत्ता मिलेगा। पांच सौ रुपये भत्ता देने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने यह घोषणा की। वह पुलिस स्मृति दिवस पर रिजर्व पुलिस लाइन में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इसके पहले उन्होंने शहीद पुलिसकर्मियों को भावभीनी श्रद्घांजलि अर्पित की। उधर, डीजीपी डॉ. देवेंद्र सिंह चौहान ने पुलिस की कार्यप्रणाली की तारीफ करते हुए कहा कि पिछले पांच साल में डीएनए में बदलाव आया है। जिसके पुलिस की सक्रियता के कारण प्रदेश में जातीय और  सांप्रदायिक हिंसा नहीं हुई।

विज्ञापन


मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ ने पुलिस स्मृति दिवस पर पिछले एक साल में शहीद हुए सात पुलिसकर्मियों के परिजनों को सम्मानित करते हुए कहा कि पुलिस और सरकार उनके साथ है। यूपी पुलिस की सक्रियता के चलते गुंडा और माफिया राज का अंत हो गया। पुलिस कर्मियों को मिलने वाला साइकिल भत्ता अब बाइक भत्ता के तौर पर दिया जाएगा। जिसमें दो सौ रुपये की जगह पांच सौ रुपये की राशि तय की गई है। साथ ही पेंशन के लिए लोगों को दौड़भाग नहीं करनी करनी होगी। जिसे ई-पोर्टल पर लिंक किया जा रहा है। साथ ही मेडीक्लेम के पांच लाख तक के बिल को डीजीपी को पास करने का अधिकार दिया है।
विज्ञापन


ड्यूटी पर शहीद पुलिस कर्मियों की सहायता राशि हुई पचास लाख
डीजीपी डीएस चौहान ने कहा कि पुलिस की कार्य प्रणाली में लगातार बदलाव हो रहा है। जिससे अपराध और अपराधियों पर अंकुश लगा है। प्रदेश सरकार ने पुलिस ड्यूटी के दौरान जान गंवाने वाले पुलिस कर्मी को 25 लाख की जगह 50 लाख अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है। वहीं कोमा में जाने पर असाधारण पेंशन देने का निर्णय लिया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


ये पुलिसकर्मी हुए ड्यूटी पर शहीद
प्रदेश के छह जिलों में तैनात सात पुलिस कर्मियों ने ड्यूटी के दौरान अपनी जान गंवा दी थी। सीएम ने स्मृति दिवस पर उनके परिजनों को सम्मानित किया। इनमें एसआई वीरेंद्र नाथ मिश्र फतेहपुर के सुल्तानपुर घोष में तैनात थे। 31 मार्च की रात करीब 10.19 बजे वाहन चेकिंग करने निकले थे। थाना गेट से करीब 20 मीटर की दूरी पर वाहन चेकिंग करते समय एक बाइक सवार को रोका, लेकिन चालक नरेंद्र पासी ने बाइक उन पर चढ़ा दी। उसके पीछे उसके पिता प्रकाश भी बैठे थे। पुलिस कर्मियों ने उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र हथगाँव ले गए। जहां डॉक्टर ने उन्हें मृत घोषित कर दिया था।

वहीं गौतमबुद्घनगर के दादरी थाने में तैनात एसआई कादिर खां 17 जुलाई को करीब दस बजे एक हत्यारोपी की तलाश में मेरठ के लिए निकले थे। मेरठ जाते समय दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस-वे पर सड़क हादसे में गंभीर रूप से घायल हो गये। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां मौत हो गई। प्रयागराज के सराय इनायत थाने में तैनात मुख्य आरक्षी मुनील कुमार चौबे 17 जनवरी को सहसों चौराहे पर ड्यूटी दे रहे थे। इस दौरान पिकप ने उनको टक्कर मार दी। गंभीर रूप से घायल मुनील की अस्पताल में मौत हो गई।

इसी तरह गौतमबुद्घनगर में तैनात यातायात आरक्षी सर्वेश कुमार 10 मार्च को कंटेनर डिपो पर ड्यूटी जाते समय ट्रक ने बाइक को टक्कर मारी। हादसे में गंभीर रूप से घायल सर्वेश की मौत हो गई। गाजियाबाद के छिजारसी कानूनी यूटर्न पर बुलेट से ड्यूटी 27 जनवरी को जा रहे थे। उस समय शास्त्रीनगर कट पर ललित कुमार की बुलेट पर टक्कर मार दी। हादसे में गंभीर रूप से घायल ललित की अस्पताल में मौत हो गई। बागपत में तैनात आरक्षी मनीष कुमार 14 अक्तूबर 2021 को बुलंदशहर हरिओम शर्मा को कोर्ट का समन तामिल कराने जा रहे थे। पिलखुआ में विभोर पब्लिक स्कूल के सामने रोडवेज बस ने टक्कर मार दी। हादसे में मौत हो गई। इसी तरह मुजफ्फरनगर के नई मंडी थाने में तैनात सिपाही सुमित कुमार 28 दिसंबर 2021 को दुष्कर्म और हत्या के प्रयास ेक आरोपी देवा मलिक व रजनीश तोमर की तलाश में हरियाणा करनाल टीम के साथ गये थे। सिपाही ने आरोपियों के कार से ग्राम जडौली से मोदीपुर करनाल की तरफ भागने पर पीछा किया। इस दौरान कार पेड़ से टकरा गई। जिसमें सिपाही सोनवीर, राहुल, सुनील कुमार, दीपक कुमार और देवेंद्र घायल हो गये। वहीं सुमित की मौत हो गई।

21 अक्टूबर को मनाया जाता है पुलिस स्मृति दिवस
कर्तव्यपालन के दौरान संवेदनशीलता, समर्पण और त्याग का अप्रतिम उदाहरण प्रस्तुत करने वाले शहीद पुलिस कार्मिकों की स्मृति में हर साल 21 अक्टूबर पुलिस स्मृति दिवस के रूप में मनाया जाता है। इस दिन हम उन वीर शहीद पुलिसजनों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं, जिन्होंने राष्ट्र व समाज की रक्षा में अपने कर्तव्यों का निर्वहन करते प्राणों की आहुति दी है।  21 अक्टूबर 1959 को भारत की उत्तरी सीमा लद्दाख के हिमाच्छादित जनहीन क्षेत्र में केन्द्रीय रिजर्व पुलिस बल के 10 जवान नियमित गश्त पर निकले थे। जिन पर रायफलों और मोर्टारों से लैस चीनी सैनिकों ने छलपूर्वक एम्बुश लगाकर अचानक हमला कर दिया। चीनी सैनिकों से मुकाबला करने के दौरान सभी बहादुर जवान शहीद हो गए थे। इन्हीं वीर जवानों के बलिदान को याद करते हुए कर्तव्यपथ पर प्राणोत्सर्ग करने वाले जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित करने हेतु पुलिस स्मृति दिवस के रूप में मनाया जाता है।

कोविड कॉल में 22.50 करोड़ की सहायत दी
कोविड कॉल में ड्यूटी पर तैनात सैकड़ों पुलिसकर्मी संक्रमित हो गये थे। इस दौरान 45 पुलिसकर्मियों की मृत्यु हो गई। जिनके परिजनों को नियमानुसार नौकरी व 22.50 करोड़ रुपये की सहायत राशि का भुगतान किया गया। वहीं केंद्रीय अर्धसैनिक बलों, भारतीय सेना में सेवारत प्रदेश के मूल शहीद 581 जवानों केआश्रितों को 141.9 करोड़ की सहायता राशि दी गई।


मुठभेड़ में मारे गए 166 दुर्दांत अपराधी
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में बेहतर कानून-व्यवस्था के लिए अपराधियों के खिलाफ  पुलिस ने कठोर कार्रवाई की। अब तक 44 अरब 59 करोड़ की संपत्ति जब्त अथवा ध्वस्त की गई है। यहां अब  बेटियों के लिए स्कूल अथवा गरीबों के लिए घर बन रहे हैं। सीएम ने कहा कि 30 मार्च 2017 से 13 अक्टूबर 2022 तक प्रदेश भर 166 दुर्दांत अपराधी मारे गए। जबकि 4453 घायल हुए। 58,648 पर गैंगस्टर की कार्रवाई हुई, वहीं 807 पर एनएसए के तहत कार्रवाई की गई। 50 कुख्यात माफियाओं और उनके सदस्यों की लगभग 2268 करोड़ की संपत्ति जब्त अथवा ध्वस्त की गई। इसमें 01 माफिया व उसके 08 साथी मुठभेड़ में मारे भी गए। 39 को आजीवन कारावास की सजा हुआ है तो प्रभावी अभियोजन करते हुए 02 को फांसी की सजा दिलाई गई। इसी दौरान 13 जवान शहीद भी हुए।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed