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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बोले, जम्मू कश्मीर के लिए जो सबसे अच्छा होगा वो करेंगे
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Updated Wed, 20 Jun 2018 08:40 AM IST
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
- फोटो : amar ujala
जम्मू व कश्मीर में भाजपा-पीडीपी गठबंधन सरकार से पार्टी के समर्थन लेने के बाद यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि भाजपा ने देश और जम्मू कश्मीर की बेहतरी के लिए ये फैसला लिया है। केंद्र सरकार आगे भी जम्मू-कश्मीर के लिए जो भी सर्वश्रेष्ठ और आवश्यक होगा वो करती रहेगी।
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आपको बता दें कि जम्मू कश्मीर में गठबंधन सरकार के बिखरने के बाद राज्यपाल शासन लागू होगा। देश के अन्य राज्यों में ऐसी स्थिति होने पर भारतीय संविधान की धारा 356 के तहत राष्ट्रपति शासन लगाया जाता है लेकिन जम्मू-कश्मीर में राज्यपाल शासन लगाया जाएगा।
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दरअसल, जम्मू-कश्मीर के संविधान के सेक्शन 92 के मुताबिक, राज्य में संवैधानिक तंत्र की विफलता के बाद भारत के राष्ट्रपति की मंजूरी से 6 महीने के लिए राज्यपाल शासन लगाया जा सकता है। राज्यपाल शासन के दौरान या तो विधानसभा को निलंबित कर दिया जाता है या उसे भंग कर दिया जाता है।
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राज्यपाल शासन लगने के 6 महीने के भीतर अगर राज्य में संवैधानिक तंत्र दोबारा बहाल नहीं हो पाता है तो भारत के संविधान की धारा 356 के तहत जम्मू-कश्मीर में राज्यपाल शासन के समय को बढ़ा दिया जाता है और यह राष्ट्रपति शासन में तब्दील हो जाता है। मौजूदा परिस्थिति को मिलाकर अब तक जम्मू-कश्मीर में 8 बार राज्यपाल शासन लगाया जा चुका है।
राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि भाजपा जम्मू कश्मीर में पीडीपी के साथ गठबंधन के बाद विपक्षियों के निशाने पर थी। जिसे लेकर भाजपा असहज थी। इसलिए 2019 के आमचुनाव को ध्यान में रखकर समर्थन वापस लेने का फैसला लिया गया है। वहीं, जम्मू-कश्मीर की मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने भी कहा है कि भाजपा के साथ गठबंधन से मुसलमान असहज महसूस कर रहे थे।