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सुसाइड नोट में बयां किया दर्द: महिला बॉस से पत्नी की नजदीकी, साथ रहने की जिद से आहत पति फंदे पर झूला

Wed, 20 Oct 2021 01:00 PM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ Published by: शाहरुख खान Updated Wed, 20 Oct 2021 01:00 PM IST
सार

राजधानी लखनऊ में एक शख्स ने खुदकुशी कर ली। शख्स का आरोप है कि उसकी पत्नी महिला बॉस के साथ रहने की जिद पर अड़ी थी। शख्स ने पुलिस कमिश्नर, एसपी व इंस्पेक्टर गोमतीनगर के नाम सुसाइड नोट भी लिखा है। 

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फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

पत्नी की अपनी महिला बॉस से नजदीकी थी। इसके बाद महिला बॉस संग ही रहने की जिद करने लगी। इससे आहत पति ने सोमवार देर रात फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली। उसने पुलिस कमिश्नर, एसीपी गोमतीनगर व इंस्पेक्टर गोमतीनगर के नाम तीन सुसाइड नोट लिखकर अपना दर्द बयां किया। 
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पुलिस ने पत्नी व उसकी महिला बॉस के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर तीनों सुसाइड नोट कब्जे में लेकर छानबीन शुरू की है। गोमतीनगर के विरामखंड निवासी कृष्णकुमार अग्रवाल का पुत्र निखिल (40) घर में ही परचून की दुकान चलता था। कृष्णकुमार के मुताबिक, निखिल की शादी वर्ष 2012 में गौतमपल्ली थाना क्षेत्र के मार्टिनपुरवा की रहने वाली अंजू गुप्ता से हुई थी। 
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दोनों के सात साल की एक बेटी है। कृष्णकुमार के मुताबिक, कुछ समय पहले अंजू एक समाज सेविका के साथ काम करने लगी थी। इसके बाद उसका निखिल से लगाव खत्म हो गया था। फिर वह निखिल के संग न रहने की बात कहने लगी। इसके बाद वह महिला बॉस के साथ रहने की जिद करने लगी। 
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कृष्ण कुमार ने बताया कि शनिवार को अंजू बार-बार अपनी महिला बॉस के पास जाकर रहने की बात कह रही थी। इसे लेकर निखिल का उससे विवाद हुआ था। निखिल ने पुलिस कंट्रोल रूम फोन किया। पुलिसकर्मी आए और निखिल व अंजू को समझाकर चले गए। मगर रविवार को अंजू फिर उसी जिद पर अड़ गई। 

बात न मानने पर वह जहर खाने की धमकी देने लगी। सूचना पर फिर पुलिस पहुंची। अंजू की मां नीलम भी आ गई। सभी लोगों ने अंजू को समझाने का प्रयास किया मगर वह नहीं मानी। इस पर नीलम अपनी बेटी अंजू और नातिन को साथ लेकर चली गई।

कृष्णकुमार का कहना है कि सोमवार को देर रात तक निखिल उनसे बात करता रहा। फिर किसी का फोन आने पर वह प्रथम तल के अपने कमरे में चला गया। मंगलवार सुबह साढ़े पांच बजे मां ने निखिल को जगाने के लिए कॉल की मगर फोन नहीं उठा। कृष्णकुमार उसके कमरे में गए तो वह फांसी के फंदे पर लटका मिला।

सूचना पर गोमतीनगर पुलिस ने छानबीन की तो निखिल के पास तीन सुसाइड नोट मिले। ये सुसाइड नोट पुलिस कमिश्नर, एसीपी गोमतीनगर व इंस्पेक्टर गोमतीनगर के नाम लिखे गए थे। इनमें निखिल ने पत्नी अंजू व उसकी महिला बॉस को खुदकुशी के लिए मजबूर करने का जिम्मेदार ठहराते हुए दोनों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।

ये भी लिखा है कि अंजू की अपनी महिला बॉस से नजदीकी है। महिला बॉस प्रॉपर्टी के धंधे की आड़ में गलत काम भी करती है। निखिल के परिवारीजनों ने भी अंजू व उसकी महिला बॉस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। कहा कि महिला बॉस ने निखिल का वैवाहिक जीवन बर्बाद कर दिया। गोमतीनगर इंस्पेक्टर केशव कुमार तिवारी ने बताया कि कृष्णकुमार अग्रवाल की तहरीर पर अंजू व उसकी महिला बॉस के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। छानबीन कर कार्रवाई की जाएगी। 
 

टाइप राइटर बाबा के नाम से मशहूर हैं कृष्ण कुमार 

निखिल के पिता कृष्णकुमार अग्रवाल टाइपराइटर बाबा के नाम से मशहूर हैं। दरअसल वह जीपीओ के बाहर टाइपराइटर रखकर टाइपिंग का काम करते थे। 20 सितंबर 2015 को तत्कालीन सचिवालय चौकी प्रभारी प्रदीप कुमार ने लात मारकर उनका टाइपराइटर तोड़ दिया था। 

इसकी फोटो अखबारों के साथ ही सोशल मीडिया की सुर्खियां बनीं तो तत्कालीन मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने चौकी प्रभारी प्रदीप कुमार को तत्काल सस्पेंड करने के साथ ही तत्कालीन डीएम राजशेखर व एसएसपी राजेश पांडेय को कृष्णकुमार के घर भेजा था। 

दोनों अधिकारियों ने दरोगा की करतूत को लेकर कृष्णकुमार से माफी मांगने के साथ ही उन्हें नया टाइपराइटर भेंट किया था। इससे कृष्णकुमार अग्रवाल टाइपराइटर बाबा के नाम से मशहूर हो गए थे। अब बेटे की खुदकुशी से आहत कृष्णकुमार ने पुलिस-प्रशासन से इंसाफ की गुहार लगाई है।
 
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